शिक्षा के मंदिर में गुरुजी की बदजुबानी’: रीवा में शिक्षक की कथित अभद्रता से छात्र और स्टाफ परेशान; प्राचार्य ने अधिकारियों से की शिकायत
मध्य प्रदेश के रीवा जिले में एक सरकारी स्कूल के शिक्षक पर छात्रों और स्कूल स्टाफ के साथ कथित तौर पर अभद्र व्यवहार करने के आरोप लगे हैं। शिक्षक के व्यवहार से परेशान छात्रों और कर्मचारियों ने स्कूल प्रबंधन के सामने अपनी समस्या रखी। मामला बढ़ने के बाद स्कूल के प्राचार्य ने संबंधित अधिकारियों से शिकायत कर कार्रवाई की मांग की है।
जानकारी के अनुसार, स्कूल में पदस्थ एक शिक्षक के व्यवहार को लेकर पिछले कुछ समय से छात्र और स्टाफ परेशान बताए जा रहे हैं। आरोप है कि शिक्षक बातचीत के दौरान छात्रों और कर्मचारियों के साथ कथित तौर पर आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल करते हैं। इससे स्कूल का माहौल प्रभावित होने की बात सामने आई है।
छात्रों का कहना है कि शिक्षक के व्यवहार के कारण उन्हें असहज स्थिति का सामना करना पड़ता है। वहीं स्कूल स्टाफ की ओर से भी शिक्षक के कथित व्यवहार को लेकर आपत्ति जताई गई है। मामले की जानकारी स्कूल के प्राचार्य तक पहुंचने के बाद उन्होंने स्थिति को गंभीरता से लिया।
बताया जा रहा है कि स्कूल में शिक्षक के व्यवहार को लेकर छात्रों और स्टाफ की शिकायतें सामने आने के बाद प्राचार्य ने संबंधित अधिकारियों से संपर्क किया। अधिकारियों को पूरे मामले की जानकारी देकर उचित कार्रवाई की मांग की गई है।
प्राचार्य की ओर से अधिकारियों को दी गई शिकायत में शिक्षक के व्यवहार और उससे स्कूल के वातावरण पर पड़ने वाले प्रभाव का उल्लेख किए जाने की बात सामने आई है। अब मामले में शिक्षा विभाग की ओर से जांच की जा सकती है। जांच के दौरान छात्रों, स्कूल स्टाफ और संबंधित शिक्षक के बयान लिए जा सकते हैं।
शिक्षा संस्थानों में शिक्षक और विद्यार्थियों के बीच व्यवहार को लेकर नियम और आचार संहिता लागू होती है। ऐसे में यदि किसी शिक्षक पर अभद्र भाषा या अनुचित व्यवहार के आरोप लगते हैं तो शिकायत की जांच के बाद ही आरोपों की पुष्टि हो सकती है और नियमानुसार कार्रवाई की जा सकती है।
मामले को लेकर फिलहाल स्कूल और शिक्षा विभाग की ओर से आधिकारिक रूप से विस्तृत जानकारी सामने आना बाकी है। अधिकारियों के स्तर पर जांच के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि शिक्षक के खिलाफ लगाए गए आरोप कितने सही हैं और उनके संबंध में क्या कार्रवाई की जाती है।
स्कूल में पढ़ने वाले छात्रों और स्टाफ की ओर से उम्मीद जताई जा रही है कि मामले की निष्पक्ष जांच होगी और स्कूल का माहौल सामान्य बनाया जाएगा। वहीं शिक्षा विभाग से भी शिकायत पर जल्द कार्रवाई की मांग की जा रही है।
फिलहाल प्राचार्य द्वारा अधिकारियों तक शिकायत पहुंचाए जाने के बाद मामले में विभागीय स्तर पर कार्रवाई का इंतजार है। जांच के निष्कर्ष के आधार पर आगे की स्थिति स्पष्ट होगी।