कानपुर में गंगा ने पार किया चेतावनी बिंदु, उन्नाव के 10 से ज्यादा गांवों में बाढ़ का संकट; 30 हजार लोग प्रभावित
कानपुर और आसपास के इलाकों में गंगा नदी का जलस्तर लगातार बढ़ता जा रहा है। बुधवार रात 8 बजे गंगा का पानी 113.01 मीटर तक पहुंच गया, जिसके बाद नदी चेतावनी बिंदु को पार कर गई। जलस्तर बढ़ने से कानपुर से सटे उन्नाव जिले के गंगा किनारे बसे गांवों में बाढ़ का खतरा बढ़ गया है।
उन्नाव जिले के 10 से ज्यादा गांव इस समय बाढ़ की चपेट में हैं। इन इलाकों में करीब 800 घरों के 30 हजार से अधिक लोग प्रभावित बताए जा रहे हैं। कई गांवों में लोगों की आवाजाही प्रभावित हुई है और ग्रामीणों को सुरक्षित स्थानों की ओर जाने की सलाह दी जा रही है।
गंगा किनारे बसे गांवों में बढ़ी परेशानी
गंगा का पानी बढ़ने के साथ ही नदी किनारे बसे ग्रामीण इलाकों में हालात बिगड़ने लगे हैं। निचले इलाकों में पानी भरने से लोगों को दैनिक कामकाज में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीण अपने जरूरी सामान और पशुओं को सुरक्षित स्थानों पर ले जाने में जुटे हैं।
प्रशासन ने बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों पर नजर बढ़ा दी है। राहत और बचाव टीमों को अलर्ट मोड पर रखा गया है। अधिकारियों की टीमें गांवों में पहुंचकर हालात का जायजा ले रही हैं और प्रभावित परिवारों को मदद उपलब्ध कराने की तैयारी की जा रही है।
जलस्तर बढ़ने से प्रशासन सतर्क
गंगा में बढ़ते जलस्तर को देखते हुए प्रशासन ने नदी किनारे रहने वाले लोगों से सावधानी बरतने की अपील की है। लोगों को नदी के तेज बहाव वाले क्षेत्रों से दूर रहने और किसी भी आपात स्थिति में प्रशासन से संपर्क करने को कहा गया है।
बाढ़ की स्थिति को देखते हुए स्थानीय स्तर पर राहत शिविरों की व्यवस्था भी की जा रही है। प्रशासन का कहना है कि स्थिति पर लगातार निगरानी रखी जा रही है और जरूरत पड़ने पर बचाव अभियान तेज किया जाएगा।
फिलहाल कानपुर और उन्नाव के लोगों की नजर गंगा के जलस्तर पर टिकी हुई है। अगर नदी का पानी इसी तरह बढ़ता रहा तो निचले इलाकों में रहने वाले लोगों की मुश्किलें और बढ़ सकती हैं।