MP के 50 लाख श्रमिकों का महंगाई भत्ता बढ़ा, रोज 6 रुपए की बढ़ोतरी; उद्योगों और सरकारी विभागों में काम करने वालों को फायदा
मध्य प्रदेश में करीब 50 लाख श्रमिकों के लिए राहत की खबर है। श्रम विभाग ने श्रमिकों के न्यूनतम वेतन में शामिल परिवर्तनशील महंगाई भत्ते यानी VDA में बढ़ोतरी की है। 1 अक्टूबर 2026 से श्रमिकों को प्रतिदिन 6 रुपए अधिक महंगाई भत्ता मिलेगा। इस फैसले का लाभ सरकारी विभागों के साथ-साथ निजी क्षेत्र और उद्योगों में काम करने वाले श्रमिकों को भी मिलेगा। नई दरें 27 मार्च 2027 तक लागू रहेंगी।
26 दिन के हिसाब से हर महीने 156 रुपए की बढ़ोतरी
नई व्यवस्था के अनुसार महंगाई भत्ते में 6 रुपए प्रतिदिन की बढ़ोतरी हुई है। न्यूनतम वेतन की गणना आमतौर पर 26 कार्य दिवसों के आधार पर की जाती है। इस हिसाब से श्रमिक को महीने में करीब 156 रुपए अतिरिक्त मिलेंगे। यह राशि सीधे न्यूनतम वेतन में शामिल परिवर्तनशील महंगाई भत्ते के तौर पर जुड़ेगी।
श्रम विभाग समय-समय पर महंगाई और उपभोक्ता मूल्य सूचकांक में होने वाले बदलाव के आधार पर VDA में संशोधन करता है। इसका उद्देश्य बढ़ती कीमतों के असर को श्रमिकों की मजदूरी में समायोजित करना है।
50 लाख श्रमिकों को मिलेगा फायदा
बताया गया है कि इस संशोधन से प्रदेश के करीब 50 लाख श्रमिक लाभान्वित होंगे। इनमें लगभग 10 लाख श्रमिक सरकारी विभागों और सरकारी क्षेत्र से जुड़े बताए गए हैं, जबकि करीब 40 लाख श्रमिक निजी क्षेत्र, खासकर उद्योगों और अन्य प्रतिष्ठानों में काम करते हैं। इन श्रमिकों पर न्यूनतम वेतन से जुड़े प्रावधान लागू होते हैं।
इससे पहले अप्रैल 2026 में भी मध्य प्रदेश में न्यूनतम वेतन की दरों में संशोधन किया गया था। उस समय परिवर्तनशील महंगाई भत्ता 2,850 रुपए मासिक निर्धारित किया गया था। सामान्य अनुसूचित नियोजनों में अकुशल श्रमिक के लिए कुल मासिक न्यूनतम वेतन 12,425 रुपए और दैनिक दर 478 रुपए निर्धारित की गई थी।
अकुशल से लेकर कुशल श्रमिकों तक असर
न्यूनतम वेतन व्यवस्था में श्रमिकों को उनके कौशल के आधार पर अलग-अलग श्रेणियों में रखा जाता है। इनमें अकुशल, अर्द्धकुशल, कुशल और उच्चकुशल श्रमिक शामिल हैं। इन सभी श्रेणियों में मूल वेतन के साथ परिवर्तनशील महंगाई भत्ता जोड़कर न्यूनतम मजदूरी तय की जाती है।
अक्टूबर से लागू संशोधन का असर उन सभी निर्धारित रोजगारों पर पड़ेगा, जहां राज्य के न्यूनतम वेतन संबंधी प्रावधान लागू हैं। इससे श्रमिकों की न्यूनतम देय मजदूरी में वृद्धि होगी।
अप्रैल की बढ़ोतरी के बाद अब फिर बदलाव
मध्य प्रदेश में श्रमिकों के न्यूनतम वेतन में इस साल दूसरी महत्वपूर्ण बढ़ोतरी हुई है। अप्रैल 2026 में भी VDA में बढ़ोतरी के चलते श्रमिकों के मासिक वेतन में करीब 234 रुपए तक का इजाफा हुआ था। अब अक्टूबर से अतिरिक्त 6 रुपए प्रतिदिन की वृद्धि लागू की गई है।
सरकार की ओर से समय-समय पर महंगाई के आंकड़ों के आधार पर VDA में बदलाव किया जाता है, ताकि न्यूनतम मजदूरी पाने वाले श्रमिकों को बढ़ती लागत का कुछ असर मजदूरी में समायोजन के जरिए मिल सके। नई दरें मार्च 2027 तक प्रभावी रहेंगी।