बैंक कर्मचारियों की तीन दिन की राष्ट्रव्यापी हड़ताल, उज्जैन में 297 शाखाओं के 4000 से ज्यादा कर्मचारी होंगे शामिल
सप्ताह में पांच दिन काम करने की मांग को लेकर बैंक कर्मचारी एक बार फिर हड़ताल पर जाने की तैयारी में हैं। यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस (यूएफबीयू) के आह्वान पर 28, 29 और 30 सितंबर को तीन दिवसीय राष्ट्रव्यापी बैंक हड़ताल बुलाई गई है।
हड़ताल के चलते बैंकिंग सेवाओं पर असर पड़ने की संभावना है। उज्जैन जिले में इस आंदोलन में 297 बैंक शाखाओं के 4000 से अधिक कर्मचारी शामिल होंगे। बैंक यूनियनों का कहना है कि पांच दिनी कार्य प्रणाली लागू करने सहित अन्य मांगों को लेकर वे लंबे समय से सरकार और बैंक प्रबंधन का ध्यान आकर्षित कर रहे हैं।
बैंक कर्मचारियों के अनुसार, सप्ताह में पांच दिन काम और दो दिन अवकाश की व्यवस्था कई क्षेत्रों में लागू है। इसी तर्ज पर बैंकिंग क्षेत्र में भी इसे लागू करने की मांग की जा रही है। कर्मचारियों का कहना है कि इससे कार्य क्षमता और कर्मचारियों के कामकाजी संतुलन में सुधार होगा।
यूएफबीयू ने देशभर के बैंक कर्मचारियों से हड़ताल में शामिल होने की अपील की है। संगठन का कहना है कि मांगों के समाधान के लिए कई बार बातचीत की गई, लेकिन अपेक्षित निर्णय नहीं होने के कारण आंदोलन का रास्ता अपनाना पड़ रहा है।
हड़ताल के दौरान बैंक शाखाओं में कामकाज प्रभावित हो सकता है। हालांकि ऑनलाइन बैंकिंग, यूपीआई और अन्य डिजिटल सेवाएं जारी रहने की संभावना है, लेकिन शाखाओं से जुड़े कई कार्यों के लिए ग्राहकों को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।
बैंक प्रशासन की ओर से अभी तक स्थानीय स्तर पर व्यवस्थाओं को लेकर दिशा-निर्देश जारी किए जा रहे हैं। वहीं, कर्मचारी संगठन अपनी मांगों को लेकर हड़ताल को सफल बनाने की तैयारी में जुटे हैं।
इस महीने में बैंक कर्मचारियों की यह दूसरी हड़ताल होगी। इससे पहले भी विभिन्न मांगों को लेकर बैंक यूनियनों ने विरोध प्रदर्शन किया था। अब 28 से 30 सितंबर तक प्रस्तावित हड़ताल को लेकर बैंकिंग क्षेत्र में गतिविधियां तेज हो गई हैं।