जबलपुर में 23 वर्षीय नवविवाहिता की इलाज के दौरान मौत, मायके वालों ने पति-सास और ननद पर लगाया हत्या का आरोप
जबलपुर के एक निजी अस्पताल में इलाज के दौरान 23 वर्षीय नवविवाहिता दीक्षा पांडे की रविवार को मौत हो गई। मौत की खबर मिलते ही परिवार में मातम छा गया। वहीं, मृतका के मायके पक्ष ने उसके ससुराल वालों पर गंभीर आरोप लगाए हैं। मायके वालों ने दीक्षा की सास उमा मिश्रा, ननद सोनम और पति अक्षय उर्फ सतीष मिश्रा पर हत्या का आरोप लगाया है।
परिजनों का कहना है कि दीक्षा की मौत सामान्य परिस्थितियों में नहीं हुई है। उन्होंने मामले की जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। मौत की वास्तविक वजह पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट और जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
इलाज के दौरान हुई मौत
जानकारी के मुताबिक, दीक्षा पांडे की तबीयत बिगड़ने के बाद उसे जबलपुर के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। अस्पताल में उसका इलाज चल रहा था। रविवार को उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई।
मौत की सूचना मिलने के बाद मायके पक्ष के लोग अस्पताल पहुंचे। यहां उन्होंने दीक्षा की मौत को लेकर सवाल उठाए और उसके पति समेत ससुराल पक्ष के तीन लोगों पर गंभीर आरोप लगाए।
मायके वालों ने लगाया हत्या का आरोप
मृतका के मायके पक्ष ने आरोप लगाया कि दीक्षा के साथ ससुराल में ठीक व्यवहार नहीं किया जाता था। परिजनों ने उसकी सास उमा मिश्रा, ननद सोनम और पति अक्षय उर्फ सतीष मिश्रा पर हत्या में शामिल होने का आरोप लगाया है।
हालांकि, इन आरोपों की पुलिस स्तर पर पुष्टि होना बाकी है। पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर मामले की जांच कर रही है। परिजनों के बयान और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस जांच और पोस्टमॉर्टम से खुलेगा मौत का राज
नवविवाहिता की मौत के मामले में पुलिस अब घटना से जुड़े तथ्यों की जांच कर रही है। पुलिस यह पता लगाने का प्रयास करेगी कि दीक्षा की तबीयत कब बिगड़ी, उसे अस्पताल कब और किन परिस्थितियों में लाया गया और इलाज के दौरान क्या स्थिति रही।
मौत के कारणों का पता लगाने के लिए पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट महत्वपूर्ण मानी जा रही है। इसके अलावा पुलिस परिवार के सदस्यों के बयान भी दर्ज कर सकती है। अस्पताल में भर्ती कराने से जुड़े दस्तावेज और उपचार के दौरान सामने आई मेडिकल जानकारी भी जांच का हिस्सा बन सकती है।
जांच के बाद सामने आएगी पूरी तस्वीर
दीक्षा की मौत के बाद मायके पक्ष ने मामले में निष्पक्ष जांच की मांग की है। परिवार का आरोप है कि उसकी मौत के पीछे ससुराल पक्ष के लोगों की भूमिका है। वहीं, पुलिस जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि मौत किन परिस्थितियों में हुई और इसमें किसी की आपराधिक भूमिका थी या नहीं।
फिलहाल पुलिस मामले से जुड़े सभी तथ्यों को जुटाने में लगी है। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट और जांच के दौरान सामने आने वाले साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।