मुरैना में खाद्य सुरक्षा विभाग की बड़ी कार्रवाई, 182 किलो पनीर, 40 किलो मावा और 45 किलो घी जब्त
मुरैना में उपभोक्ताओं को शुद्ध और गुणवत्तापूर्ण खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराने के उद्देश्य से खाद्य सुरक्षा विभाग ने गुरुवार को जिले में तीन डेयरियों पर कार्रवाई की। विभाग की टीम ने अलग-अलग स्थानों पर जांच करते हुए बड़ी मात्रा में खाद्य सामग्री जब्त की। कार्रवाई के दौरान कुल 182 किलो पनीर, 40 किलो मावा और 45 किलो घी जब्त किया गया।
खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने डेयरियों पर पहुंचकर वहां उपलब्ध खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और मानकों की जांच की। जांच के दौरान टीम को कुछ खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता को लेकर संदेह हुआ, जिसके बाद संबंधित सामग्री को जब्त कर लिया गया। विभाग ने सभी जब्त खाद्य पदार्थों के नमूने भी लिए हैं।
तीन डेयरियों पर पहुंची टीम
गुरुवार को खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने जिले में अलग-अलग स्थानों पर स्थित तीन डेयरियों का निरीक्षण किया। टीम ने डेयरी संचालकों से खाद्य पदार्थों की खरीद, निर्माण और भंडारण से संबंधित जानकारी भी ली। निरीक्षण के दौरान पनीर, मावा और घी की जांच की गई।
कार्रवाई के दौरान 182 किलो पनीर, 40 किलो मावा और 45 किलो घी जब्त किया गया। जब्त किए गए खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता की जांच के लिए उनके नमूने प्रयोगशाला भेजे जाएंगे। जांच रिपोर्ट आने के बाद खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और मानकों के अनुरूप होने या नहीं होने की स्थिति स्पष्ट होगी।
जांच रिपोर्ट के आधार पर होगी आगे की कार्रवाई
खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने जब्त खाद्य पदार्थों को अपने कब्जे में लेकर नियमानुसार कार्रवाई शुरू कर दी है। विभाग के अधिकारियों के अनुसार, प्रयोगशाला जांच की रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। यदि जांच में खाद्य पदार्थ मानकों के विपरीत पाए जाते हैं तो संबंधित डेयरी संचालकों के खिलाफ खाद्य सुरक्षा कानून के तहत कार्रवाई की जा सकती है।
मिलावट के खिलाफ अभियान जारी
खाद्य सुरक्षा विभाग समय-समय पर जिले में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता की जांच के लिए अभियान चलाता है। खासकर दूध और दूध से बने उत्पादों में मिलावट की शिकायतों को देखते हुए डेयरियों और अन्य प्रतिष्ठानों की जांच की जाती है।
पनीर, मावा और घी जैसी खाद्य सामग्री का इस्तेमाल बड़ी संख्या में लोग करते हैं। ऐसे में इनकी गुणवत्ता सुनिश्चित करना जरूरी है। विभाग की इस कार्रवाई से डेयरी संचालकों में भी सतर्कता बढ़ने की उम्मीद है।
खाद्य सुरक्षा विभाग ने संकेत दिया है कि जिले में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता की जांच का अभियान आगे भी जारी रहेगा। अधिकारियों का उद्देश्य उपभोक्ताओं को सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री उपलब्ध कराना है। प्रयोगशाला से जांच रिपोर्ट मिलने के बाद इस मामले में आगे की कार्रवाई की जाएगी।