×

रांची में RSS कार्यालय पर पेट्रोल बम हमले में बड़ी कार्रवाई: फुटेज में देंखे दो आरोपी गिरफ्तार, तीसरे की भी गिरफ्तारी

 

झारखंड की राजधानी रांची में निवारणपुर स्थित राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) कार्यालय पर हुए पेट्रोल बम हमले के मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। घटना को अंजाम देने के बाद फरार चल रहे दोनों मुख्य आरोपियों को एसआईटी ने गिरफ्तार कर लिया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच एजेंसियों ने कार्रवाई तेज कर दी है।

दो आरोपी गिरफ्तार, ट्रेन से भागने की कर रहे थे कोशिश

<a style="border: 0px; overflow: hidden" href=https://youtube.com/embed/hXhV20KeVoM?autoplay=1&mute=1><img src=https://img.youtube.com/vi/hXhV20KeVoM/hqdefault.jpg alt=""><span><div class="youtube_play"></div></span></a>" style="border: 0px; overflow: hidden;" width="640">

पुलिस के अनुसार, इस हमले में शामिल आरोपियों सैफ अंसारी और अमन अंसारी उर्फ गोलू को बुधवार देर रात गिरफ्तार किया गया। दोनों आरोपी घटना के बाद फरार हो गए थे और जानकारी के मुताबिक वे स्वर्ण जयंती एक्सप्रेस से भागने की कोशिश कर रहे थे। इसी दौरान एसआईटी ने तकनीकी और खुफिया इनपुट के आधार पर उन्हें दबोच लिया। गिरफ्तारी के बाद पूछताछ में दोनों आरोपियों ने एक और व्यक्ति सायम सुजान के इस घटना में शामिल होने की बात कही। इसके बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए सायम सुजान को भी रांची से गिरफ्तार कर लिया।

जांच में तेजी, कई एंगल से जांच कर रही पुलिस

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की जांच कई एंगल से की जा रही है। प्रारंभिक जांच में यह सामने आया है कि हमले की योजना पहले से बनाई गई थी और इसमें शामिल सभी लोगों की भूमिका अलग-अलग स्तर पर थी। फिलहाल गिरफ्तार आरोपियों से लगातार पूछताछ जारी है ताकि पूरे नेटवर्क और साजिश का खुलासा किया जा सके।

एनआईए की टीम भी पहुंची मौके पर

घटना की गंभीरता को देखते हुए राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) की तीन सदस्यीय टीम भी रांची पहुंची। टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और सुरक्षा एजेंसियों के साथ जानकारी साझा की। इसके बाद एनआईए टीम ने बंद कमरे में प्रांत प्रचारकों के साथ भी बैठक की, जिसमें घटना से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर चर्चा की गई।

सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल

आरएसएस कार्यालय पर हुए इस हमले के बाद इलाके की सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल उठने लगे हैं। स्थानीय प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लेते हुए सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है। पुलिस का कहना है कि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए अतिरिक्त सतर्कता बरती जाएगी।

आगे की जांच जारी

फिलहाल तीनों आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि इस घटना के पीछे असली मास्टरमाइंड कौन है और इसका उद्देश्य क्या था। सुरक्षा एजेंसियां इस पूरे मामले को संवेदनशील मानते हुए हर पहलू की गहराई से जांच कर रही हैं।रांची की इस घटना ने सुरक्षा व्यवस्था और कानून-व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। आने वाले दिनों में जांच के नतीजों पर सभी की नजरें टिकी रहेंगी।