कोयला खान पेंशन योजना-2026 लागू: हजारों परिवारों को राहत, न्यूनतम पेंशन ₹1000 प्रतिमाह तय
भारत सरकार ने कोयला क्षेत्र से जुड़े पेंशनभोगियों के लिए एक महत्वपूर्ण निर्णय लेते हुए कोयला खान पेंशन (संशोधन) योजना-2026 को अधिसूचित कर दिया है। इस नई व्यवस्था के लागू होने से पुरानी कोयला खान फैमिली पेंशन योजना, 1971 के अंतर्गत आने वाले हजारों पेंशनभोगी परिवारों को सीधा लाभ मिलेगा।
सरकार के इस फैसले के बाद अब पात्र फैमिली पेंशनभोगियों को न्यूनतम ₹1000 प्रतिमाह पेंशन सुनिश्चित की जाएगी। लंबे समय से पेंशनभोगी संगठनों द्वारा पेंशन राशि बढ़ाने की मांग की जा रही थी, जिसे देखते हुए यह संशोधन योजना लागू की गई है।
अधिकारियों के अनुसार, इस संशोधन का मुख्य उद्देश्य उन परिवारों को आर्थिक सुरक्षा प्रदान करना है, जो कोयला खनन क्षेत्र में कार्यरत कर्मचारियों पर निर्भर थे और अब उनके निधन के बाद सीमित आय पर जीवन यापन कर रहे हैं। नई व्यवस्था से ऐसे परिवारों को न्यूनतम वित्तीय सहारा मिल सकेगा।
कोयला मंत्रालय से जुड़े सूत्रों का कहना है कि यह कदम सामाजिक सुरक्षा को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। सरकार का मानना है कि कोयला खनन जैसे जोखिम भरे क्षेत्र में काम करने वाले कर्मचारियों और उनके परिवारों को पर्याप्त सामाजिक सुरक्षा मिलनी चाहिए।
पेंशनभोगी संगठनों ने इस फैसले का स्वागत किया है। उनका कहना है कि लंबे समय से न्यूनतम पेंशन बढ़ाने की मांग की जा रही थी, क्योंकि मौजूदा राशि बढ़ती महंगाई के मुकाबले काफी कम थी। इस संशोधन से हजारों परिवारों को राहत मिलने की उम्मीद है।
हालांकि कुछ पेंशनभोगी संगठनों ने यह भी कहा है कि ₹1000 की न्यूनतम राशि अभी भी पर्याप्त नहीं है और भविष्य में इसे और बढ़ाने की आवश्यकता है, ताकि बढ़ती जीवन-यापन लागत को संतुलित किया जा सके।
विशेषज्ञों का मानना है कि यह संशोधन न केवल सामाजिक सुरक्षा के दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण है, बल्कि यह कोयला क्षेत्र में कार्यरत और सेवानिवृत्त कर्मचारियों के प्रति सरकार की जिम्मेदारी को भी दर्शाता है।
फिलहाल नई योजना के लागू होने की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है और पात्र लाभार्थियों तक इसका लाभ जल्द पहुंचाने के लिए संबंधित विभागों को निर्देश जारी कर दिए गए हैं।