☰
×

झारखंड में भाजपा की लोकतंत्र बचाओ पदयात्रा आज से, दिवाली से पहले 6 जिलों में अभियान; प्रभारियों की घोषणा

 

झारखंड में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) का ‘लोकतंत्र बचाओ-अराजकता हटाओ’ अभियान 2 नवंबर से शुरू हो रहा है। इसकी शुरुआत राजधानी रांची से होगी। दीपावली से पहले अभियान के पहले चरण में राज्य के छह जिलों में पदयात्रा निकाली जाएगी। इसके बाद छठ महापर्व के बाद बाकी जिलों में भी कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। पार्टी ने पदयात्रा की तैयारियों और संचालन के लिए छह जिलों के प्रभारियों की घोषणा कर दी है।

भाजपा प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू के निर्देश पर आयोजित इस अभियान की जानकारी प्रदेश महामंत्री मनोज सिंह ने दी। उन्होंने बताया कि प्रत्येक जिले में पार्टी कार्यकर्ताओं के साथ आम लोगों की भी भागीदारी रहेगी। भाजपा का दावा है कि हर जिले में हजारों की संख्या में लोग पदयात्रा में शामिल होंगे।

छह जिलों में इन नेताओं को मिली जिम्मेदारी

पार्टी की ओर से जारी कार्यक्रम के मुताबिक, 2 नवंबर को रांची में होने वाली पदयात्रा के प्रभारी प्रदेश महामंत्री मनोज सिंह होंगे। 3 नवंबर को गिरिडीह में प्रदेश महामंत्री अमर कुमार बाउरी और हजारीबाग में पूर्व विधायक बिरंची नारायण जिम्मेदारी संभालेंगे।

4 नवंबर को पलामू में प्रदेश उपाध्यक्ष नीलकंठ सिंह मुंडा अभियान के प्रभारी होंगे। वहीं, 5 नवंबर को जमशेदपुर में विधायक राज सिन्हा और दुमका में प्रदेश महामंत्री गणेश मिश्रा को कार्यक्रम की जिम्मेदारी दी गई है। इन नेताओं को अपने-अपने जिलों में पदयात्रा के आयोजन और संगठनात्मक समन्वय का काम सौंपा गया है।

SIR और चुनाव आयोग के मुद्दे पर जनता के बीच जाएगी भाजपा

भाजपा नेताओं के मुताबिक, इस अभियान का उद्देश्य चुनाव आयोग और अन्य संवैधानिक संस्थाओं की विश्वसनीयता पर कांग्रेस की ओर से उठाए जा रहे सवालों का जवाब देना है। मनोज सिंह ने आरोप लगाया कि चुनाव में हार के बाद कांग्रेस लोकतांत्रिक संस्थाओं को कटघरे में खड़ा कर रही है।

उन्होंने कहा कि पदयात्रा के दौरान मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR के बारे में भी लोगों को जागरूक किया जाएगा। पार्टी का कहना है कि मृत, स्थानांतरित, दोहरे और अपात्र मतदाताओं के नामों की जांच से मतदाता सूची को अधिक पारदर्शी और त्रुटिरहित बनाने में मदद मिलेगी।भाजपा का यह अभियान पहले चरण में छह जिलों तक सीमित रहेगा। छठ महापर्व के बाद राज्य के शेष जिलों में भी पदयात्रा आयोजित करने की योजना है।

कांग्रेस ने अभियान पर उठाए सवाल

भाजपा की पदयात्रा को लेकर कांग्रेस ने भी प्रतिक्रिया दी है। झारखंड कांग्रेस के महासचिव लाल किशोर नाथ शाहदेव ने इसे राजनीतिक नौटंकी बताया। उन्होंने भाजपा पर लोकतांत्रिक मूल्यों और संवैधानिक संस्थाओं को लेकर दोहरे मापदंड अपनाने का आरोप लगाया। इस तरह पदयात्रा शुरू होने से पहले ही राज्य में भाजपा और कांग्रेस के बीच राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है।