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सत्य निकेतन हादसे के बाद गुरुग्राम में जर्जर और अवैध इमारतों का सर्वे शुरू, तीन दिन में मांगी रिपोर्ट

 

दिल्ली के सत्य निकेतन में हुए इमारत हादसे के बाद अब गुरुग्राम नगर निगम भी अलर्ट मोड पर आ गया है। शहर में जर्जर और अवैध रूप से बनी इमारतों की पहचान के लिए नया सर्वेक्षण शुरू किया गया है। नगर निगम आयुक्त ने अधिकारियों से तीन दिन के भीतर उन इमारतों की सूची मांगी है, जिन्हें पहले ही नोटिस जारी किए जा चुके हैं।

जर्जर भवनों की होगी पहचान

नगर निगम की ओर से शुरू किए गए सर्वे में शहर के अलग-अलग क्षेत्रों में स्थित पुराने, कमजोर और नियमों के विपरीत बने भवनों की जांच की जाएगी। अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि ऐसी इमारतों की पहचान की जाए, जिनसे लोगों की सुरक्षा को खतरा हो सकता है।

सर्वे के दौरान यह भी देखा जाएगा कि कौन-कौन सी इमारतें बिना अनुमति के बनाई गई हैं या जिनमें निर्माण नियमों का उल्लंघन हुआ है।

तीन दिन में देनी होगी रिपोर्ट

नगर निगम आयुक्त ने संबंधित अधिकारियों से कहा है कि जिन भवनों को पहले नोटिस जारी किए गए हैं, उनकी पूरी जानकारी जल्द उपलब्ध कराई जाए। इसमें भवन का पता, नोटिस जारी करने की तारीख, कार्रवाई की स्थिति और वर्तमान स्थिति का विवरण शामिल होगा।

रिपोर्ट मिलने के बाद निगम प्रशासन इन इमारतों के खिलाफ आगे की कार्रवाई की योजना तैयार करेगा।

सत्य निकेतन हादसे के बाद बढ़ी चिंता

दिल्ली के सत्य निकेतन इलाके में इमारत गिरने की घटना के बाद आसपास के शहरों में भी जर्जर भवनों को लेकर चिंता बढ़ गई है। इस हादसे ने अवैध निर्माण और कमजोर इमारतों की निगरानी व्यवस्था पर सवाल खड़े किए थे।

गुरुग्राम में तेजी से बढ़ते शहरीकरण के बीच बड़ी संख्या में पुराने मकान, पीजी और व्यावसायिक भवन मौजूद हैं। ऐसे में प्रशासन अब किसी भी संभावित हादसे को रोकने के लिए पहले से कदम उठाने की कोशिश कर रहा है।

अवैध निर्माण पर भी होगी कार्रवाई

नगर निगम अधिकारियों के अनुसार, सर्वे में केवल जर्जर भवन ही नहीं बल्कि अवैध निर्माणों की भी जांच की जाएगी। नियमों का उल्लंघन करने वाले भवन मालिकों के खिलाफ नोटिस, सीलिंग या अन्य कानूनी कार्रवाई की जा सकती है।

प्रशासन का कहना है कि लोगों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है। अगर किसी इमारत से खतरा पाया जाता है तो नियमानुसार तुरंत कार्रवाई की जाएगी।

लोगों से भी सतर्क रहने की अपील

नगर निगम ने शहरवासियों से भी अपील की है कि अगर उनके आसपास कोई जर्जर या खतरनाक इमारत दिखाई देती है तो इसकी जानकारी प्रशासन को दें। समय रहते सूचना मिलने से संभावित दुर्घटनाओं को रोका जा सकता है।

फिलहाल गुरुग्राम में शुरू हुआ यह सर्वे आने वाले दिनों में शहर की कई इमारतों की स्थिति की तस्वीर सामने ला सकता है।