दिल्ली के सत्य निकेतन में पांच मंजिला इमारत भरभराकर गिरी, 5 की मौत; कई छात्र मलबे में दबे
राजधानी दिल्ली के सत्य निकेतन इलाके में रविवार दोपहर एक दर्दनाक हादसा हो गया। यहां एक पांच मंजिला इमारत अचानक भरभराकर गिर गई। हादसे के समय इमारत में कई छात्र मौजूद थे, जिनके मलबे में दबने की सूचना है। बताया जा रहा है कि इस इमारत में पीजी संचालित किया जा रहा था, जहां बड़ी संख्या में छात्र रह रहे थे। हादसे के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई और इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
हादसे की जानकारी मिलते ही पुलिस, दमकल विभाग और राहत-बचाव दल की टीमें मौके पर पहुंचीं। मलबे में फंसे लोगों को बाहर निकालने के लिए बड़े स्तर पर रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया गया। राहतकर्मियों ने कड़ी मशक्कत के बाद कई छात्रों को मलबे से सुरक्षित बाहर निकाला। बाहर निकाले गए घायलों को तत्काल इलाज के लिए नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया है।
हादसे में अब तक 5 लोगों की मौत
इस दर्दनाक हादसे में अब तक पांच लोगों की मौत की खबर सामने आई है। मृतकों की पहचान की प्रक्रिया की जा रही है। वहीं, कई अन्य लोगों के घायल होने की सूचना है। आशंका जताई जा रही है कि मलबे के नीचे अभी भी कुछ लोग फंसे हो सकते हैं। ऐसे में बचाव अभियान लगातार जारी है।
पीजी में रह रहे थे छात्र
प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, जिस इमारत के गिरने की घटना हुई, उसमें पीजी चलाया जा रहा था। यहां अलग-अलग स्थानों से आए छात्र रह रहे थे। रविवार होने की वजह से हादसे के वक्त इमारत में कितने लोग मौजूद थे, इसकी सही संख्या अभी स्पष्ट नहीं हो पाई है। प्रशासन की टीमें इमारत में रहने वाले लोगों की जानकारी जुटाने में लगी हुई हैं।
मलबा हटाने में जुटी रेस्क्यू टीमें
इमारत के अचानक गिरने के बाद आसपास के इलाके में बड़ी मात्रा में मलबा फैल गया। राहत-बचाव टीमों ने जेसीबी और अन्य उपकरणों की मदद से मलबा हटाना शुरू किया। रेस्क्यू ऑपरेशन के दौरान इस बात का विशेष ध्यान रखा जा रहा है कि मलबे में दबे लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला जा सके।
हादसे की वजह की जांच शुरू
फिलहाल इमारत गिरने की वास्तविक वजह सामने नहीं आई है। प्रशासन और संबंधित विभागों की टीमें मामले की जांच कर रही हैं। यह पता लगाया जा रहा है कि इमारत की स्थिति कैसी थी और क्या निर्माण या सुरक्षा मानकों से जुड़ी कोई लापरवाही हुई थी। हादसे की पूरी तस्वीर जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
इस घटना के बाद सत्य निकेतन इलाके में दहशत का माहौल है। स्थानीय लोगों और छात्रों के परिजन घटनास्थल के आसपास पहुंच रहे हैं। प्रशासन की ओर से राहत एवं बचाव कार्य को प्राथमिकता दी जा रही है। वहीं, अस्पतालों में भर्ती घायलों का इलाज जारी है।