दिल्ली SIR में बड़े नेताओं के बाद निर्वाचन आयुक्त एसएस संधू भी नोटिस की सूची में, वोटर लिस्ट और फॉर्म में नाम का अंतर
दिल्ली में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR के दौरान कई प्रमुख नेताओं और अधिकारियों के नाम नोटिस की सूची में सामने आए हैं। अब इस सूची में निर्वाचन आयुक्त डॉ. सुखबीर सिंह संधू का नाम भी शामिल है। उनके मामले में वोटर लिस्ट और SIR के गणना फॉर्म में दर्ज नाम के बीच अंतर पाया गया है।
अधिकारियों के अनुसार, संधू दिल्ली के न्यू मोती बाग इलाके में रहते हैं और दिल्ली कैंट विधानसभा क्षेत्र के मतदाता हैं। SIR के दौरान उन्होंने गणना फॉर्म में अपना नाम ‘डॉ. एसएस संधू’ दर्ज किया, जबकि मतदाता सूची में उनका नाम ‘सुखबीर सिंह संधू’ दर्ज है। इसी नाम के अंतर के कारण उन्हें नोटिस के लिए चिह्नित किया गया है।
हालांकि, अधिकारियों की ओर से यह भी बताया गया है कि संधू की ओर से उपलब्ध कराए गए दस्तावेजों और तथ्यों का सत्यापन किया जा चुका है। दिल्ली के जिला निर्वाचन अधिकारी के अनुसार, रिकॉर्ड में नाम के अंतर को SIR प्रक्रिया के तहत सत्यापित किया जा रहा है।
SIR के तहत दिल्ली में 97 लाख से अधिक मतदाताओं की ड्राफ्ट सूची जारी की गई है। इनमें करीब 33.13 लाख मतदाताओं को अलग-अलग तरह की विसंगतियों के कारण नोटिस जारी किए जा रहे हैं। इनमें नाम में अंतर, पुराने SIR रिकॉर्ड से मैपिंग नहीं होना और अन्य विवरणों में असंगति जैसी वजहें शामिल हैं।
संधू के अलावा पूर्व उपप्रधानमंत्री लालकृष्ण आडवाणी, विदेश मंत्री एस जयशंकर, पूर्व उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ और कई वरिष्ठ अधिकारियों के नाम भी SIR नोटिस से जुड़े मामलों में सामने आए हैं।
दिल्ली के मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय ने स्पष्ट किया है कि SIR के दौरान नोटिस मिलना अपने आप में मतदाता सूची से नाम हटाए जाने का मतलब नहीं है। नोटिस का उद्देश्य संबंधित मतदाता की जानकारी और दस्तावेजों का सत्यापन करना है।