महानदी जल विवाद पर छत्तीसगढ़-ओडिशा में बातचीत तेज, सीएम विष्णुदेव साय बोले- जल्द निकल सकता है समाधान
छत्तीसगढ़ और ओडिशा के बीच महानदी के पानी को लेकर करीब एक दशक से चला आ रहा विवाद अब बातचीत के जरिए सुलझने की दिशा में बढ़ता दिखाई दे रहा है। दोनों राज्यों के बीच केंद्रीय जल आयोग की निगरानी में बातचीत और तकनीकी स्तर पर विचार-विमर्श जारी है। इसी बीच छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा है कि महानदी जल विवाद का जल्द समाधान निकल सकता है।
महानदी दोनों राज्यों के लिए महत्वपूर्ण नदी है। इसके पानी के उपयोग, बांधों और जल प्रबंधन को लेकर छत्तीसगढ़ और ओडिशा के बीच लंबे समय से मतभेद रहे हैं। दोनों राज्य अपने-अपने स्तर पर नदी के जल के इस्तेमाल को लेकर अलग-अलग पक्ष रखते रहे हैं।
अब केंद्रीय जल आयोग की निगरानी में दोनों राज्यों के अधिकारियों के बीच बातचीत और तकनीकी सलाह-मशविरा किया जा रहा है। इस प्रक्रिया के तहत जल उपलब्धता, उपयोग और इससे जुड़े तकनीकी पहलुओं पर चर्चा की जा रही है। इसका उद्देश्य दोनों राज्यों के बीच लंबे समय से चले आ रहे मतभेदों का समाधान तलाशना है।
छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने उम्मीद जताई है कि बातचीत के जरिए इस विवाद का समाधान जल्द निकाला जा सकता है। उन्होंने कहा कि दोनों राज्यों के बीच संवाद और तकनीकी स्तर पर चर्चा चल रही है। इससे विवाद को सुलझाने की दिशा में आगे बढ़ने की संभावना बनी है।
महानदी जल विवाद करीब 10 वर्षों से दोनों राज्यों के बीच एक प्रमुख मुद्दा रहा है। इस दौरान नदी के पानी के बंटवारे और इस्तेमाल को लेकर दोनों राज्यों के बीच कई स्तरों पर बातचीत हुई है। अब केंद्रीय जल आयोग की निगरानी में चल रही प्रक्रिया से समाधान की उम्मीद जताई जा रही है।
फिलहाल दोनों राज्यों के अधिकारियों के बीच बातचीत और तकनीकी सलाह-मशविरा जारी है। आगे होने वाली बैठकों और तकनीकी निष्कर्षों के आधार पर विवाद के समाधान की दिशा स्पष्ट होने की उम्मीद है।