हाजीपुर में BPSC शिक्षिका प्रिया भारती का फंदे से लटका शव मिला, इलाके में सनसनी
हाजीपुर में एक सनसनीखेज घटना सामने आई है। जिले के एक किराए के मकान में BPSC शिक्षिका प्रिया भारती का शव फंदे से लटका पाया गया। घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया और स्थानीय लोग मौके पर इकट्ठा हो गए।
सूत्रों के अनुसार, पुलिस को कमरे से सुसाइड नोट भी बरामद हुआ है। प्रारंभिक जानकारी में ऐसा प्रतीत होता है कि शिक्षिका ने यह कदम स्वेच्छा से उठाया। मृतका की पहचान प्रिया भारती के रूप में हुई है, जो खाजेचांद छपरा के मध्य विद्यालय में शिक्षिका के पद पर कार्यरत थीं।
स्थानीय लोगों ने बताया कि प्रिया भारती पिछले कुछ समय से मानसिक तनाव में थी। हालांकि पुलिस ने कहा कि घटना के असली कारणों की पुष्टि जांच के बाद ही की जा सकेगी। पुलिस अब कमरे के साक्ष्यों, सुसाइड नोट और संभावित किसी अन्य वजह की गहन जांच कर रही है।
घटना के तुरंत बाद हाजीपुर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को कब्जे में लिया और पोस्टमार्टम के लिए भेजा। पुलिस ने बताया कि मामले में सभी पहलुओं की जांच की जा रही है और जरूरत पड़ने पर परिवार और सहकर्मियों से भी पूछताछ की जाएगी।
शिक्षा विभाग ने भी इस घटना पर गहरा दुख जताया है। विभाग के अधिकारियों ने कहा कि प्रिया भारती की अचानक मौत से विद्यालय और विद्यार्थियों के बीच शोक की लहर है। उन्होंने कहा कि विभाग परिवार के संपर्क में है और उन्हें हर संभव सहायता उपलब्ध कराई जाएगी।
विशेषज्ञों का कहना है कि युवाओं और पेशेवरों में मानसिक तनाव के कारण ऐसे दुखद कदम बढ़ रहे हैं। उन्होंने परिवार और समाज से अपील की है कि तनावग्रस्त लोगों को समय पर मानसिक स्वास्थ्य सहायता और काउंसलिंग उपलब्ध कराई जाए।
मौके पर पहुंचे स्थानीय पुलिस अधिकारी ने बताया कि कमरे से मिले सुसाइड नोट का विश्लेषण किया जा रहा है और जांच पूरी होने के बाद ही घटना के पीछे की वास्तविक वजह स्पष्ट होगी। उन्होंने लोगों से अपील की कि अफवाहों पर ध्यान न दें और जांच में प्रशासन का सहयोग करें।
इस घटना ने हाजीपुर जिले में शिक्षकों और विद्यार्थियों के बीच शोक और चिंता की लहर फैला दी है। सभी की निगाहें अब पुलिस जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर लगी हैं, जो आगे की कार्रवाई और घटना के कारणों को स्पष्ट करेगी।
कुल मिलाकर, हाजीपुर में BPSC शिक्षिका प्रिया भारती की आत्महत्या ने इलाके में सनसनी फैला दी है। घटना न केवल उनके परिवार के लिए दुखद है, बल्कि शिक्षा विभाग और समाज के लिए भी चेतावनी है कि मानसिक स्वास्थ्य और तनाव प्रबंधन को गंभीरता से लिया जाना चाहिए।