×

सृजन घोटाले को लेकर तेजस्वी यादव का बीजेपी पर हमला, बोले- सबूत मिलने के बाद भी कार्रवाई नहीं हुई

 

बिहार के चर्चित सृजन घोटाले को लेकर नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने भारतीय जनता पार्टी पर निशाना साधा है। तेजस्वी यादव ने आरोप लगाया कि इस घोटाले की जांच के दौरान कई वरिष्ठ भाजपा नेताओं और केंद्रीय मंत्रियों के कथित तौर पर घोटाले से जुड़े लोगों के साथ लेनदेन और नजदीकी के सबूत सामने आए थे, लेकिन जांच एजेंसियों ने उन मामलों पर कार्रवाई नहीं की।

तेजस्वी यादव ने सृजन घोटाले का जिक्र करते हुए कहा कि यह मामला बिहार के सबसे चर्चित वित्तीय घोटालों में शामिल रहा है। उनके मुताबिक, घोटाले की जांच के दौरान कई ऐसे तथ्य सामने आए थे, जिनमें प्रभावशाली लोगों और कथित घोटालेबाजों के बीच संबंधों का संकेत मिलता था। उन्होंने आरोप लगाया कि इन मामलों को आगे बढ़ाने के बजाय जांच एजेंसियों ने उन्हें दबा दिया।

तेजस्वी ने जांच एजेंसियों पर उठाए सवाल

तेजस्वी यादव ने कहा कि सृजन घोटाले की जांच के दौरान सामने आए कथित लेनदेन और संबंधों को लेकर कार्रवाई होनी चाहिए थी। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्रीय जांच एजेंसियों ने प्रभावशाली लोगों के खिलाफ कार्रवाई करने के बजाय पूरे मामले पर पर्दा डाल दिया।

उन्होंने बीजेपी पर राजनीतिक संरक्षण देने का आरोप लगाते हुए कहा कि यदि जांच में किसी नेता या प्रभावशाली व्यक्ति की भूमिका से जुड़े साक्ष्य मिले थे, तो उन पर भी कानूनी कार्रवाई होनी चाहिए थी। तेजस्वी ने कहा कि घोटाले में जिन लोगों की भूमिका संदिग्ध थी, उनकी जांच निष्पक्ष तरीके से होनी चाहिए थी।

क्या है सृजन घोटाला?

सृजन घोटाला बिहार के भागलपुर से जुड़ा चर्चित वित्तीय घोटाला है। इसमें सरकारी धन को कथित तौर पर फर्जी बैंक खातों और दस्तावेजों के जरिए निजी खातों में ट्रांसफर किए जाने का मामला सामने आया था। मामला सामने आने के बाद इसकी जांच शुरू हुई और कई लोगों के खिलाफ कार्रवाई भी की गई।

घोटाले की रकम और इससे जुड़े लोगों को लेकर लंबे समय तक बिहार की राजनीति में आरोप-प्रत्यारोप होते रहे हैं। विपक्षी दल समय-समय पर इस मामले को उठाकर सरकार और जांच एजेंसियों की भूमिका पर सवाल उठाते रहे हैं।

चुनावी राजनीति में फिर उठा मुद्दा

बिहार में राजनीतिक गतिविधियां तेज होने के बीच सृजन घोटाले का मुद्दा फिर चर्चा में आ गया है। तेजस्वी यादव का बयान बीजेपी के खिलाफ विपक्ष के हमले का हिस्सा माना जा रहा है। उन्होंने पुराने मामलों की जांच और कथित तौर पर प्रभावशाली लोगों की भूमिका को लेकर सवाल खड़े किए हैं।

हालांकि, तेजस्वी यादव द्वारा लगाए गए आरोपों पर बीजेपी की प्रतिक्रिया और संबंधित जांच एजेंसियों का आधिकारिक पक्ष अलग से सामने आना बाकी है। सृजन घोटाले को लेकर तेजस्वी के नए आरोपों ने बिहार की राजनीति में एक बार फिर पुराने विवाद को चर्चा के केंद्र में ला दिया है।