कहीं छठ की थीम, कहीं मधुबनी पेंटिंग से सजे द्वार; गुफानुमा पंडाल में विराजे भगवान शिव, नवमी पर उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़
नवरात्रि के अवसर पर दुर्गा पूजा पंडालों में इस बार आकर्षक सजावट और अनूठी थीम श्रद्धालुओं के लिए खास आकर्षण बनी हुई हैं। कहीं छठ पूजा की थीम पर पंडाल सजाए गए हैं, तो कहीं मधुबनी पेंटिंग से सजे प्रवेश द्वार लोगों का ध्यान खींच रहे हैं। वहीं, एक गुफानुमा पंडाल में भगवान शिव की प्रतिमा स्थापित की गई है। अष्टमी की तुलना में महानवमी पर श्रद्धालुओं की अधिक भीड़ देखने को मिली।
छठ की थीम पर सजे पूजा पंडाल
नवरात्रि के दौरान कई पूजा समितियों ने पारंपरिक धार्मिक आयोजनों को ध्यान में रखकर पंडालों की सजावट की है। छठ पर्व की थीम पर तैयार किए गए पंडालों में बिहार की सांस्कृतिक पहचान की झलक देखने को मिल रही है। सजावट में धार्मिक परंपराओं और स्थानीय संस्कृति को प्रमुखता दी गई है।
इन पंडालों को देखने के लिए श्रद्धालुओं के साथ-साथ परिवार और बच्चे भी पहुंच रहे हैं। आकर्षक रोशनी और कलात्मक सजावट के बीच लोग पूजा-अर्चना करने के साथ पंडालों को भी देख रहे हैं।
मधुबनी पेंटिंग से सजे प्रवेश द्वार
कुछ पूजा पंडालों के प्रवेश द्वारों को मधुबनी पेंटिंग की शैली में सजाया गया है। बिहार की प्रसिद्ध लोककला मधुबनी पेंटिंग अपनी पारंपरिक आकृतियों, रंगों और बारीक चित्रकारी के लिए जानी जाती है। पंडालों में इस कला का इस्तेमाल स्थानीय संस्कृति को प्रदर्शित करने का प्रयास है।
कलात्मक प्रवेश द्वार श्रद्धालुओं के लिए आकर्षण का केंद्र बने हुए हैं। धार्मिक आयोजन के साथ लोककला को जगह मिलने से पंडालों में बिहार की सांस्कृतिक विरासत भी दिखाई दे रही है।
गुफानुमा पंडाल में विराजे भगवान शिव
एक पंडाल को गुफा जैसा स्वरूप दिया गया है, जहां भगवान शिव की प्रतिमा स्थापित की गई है। पंडाल की विशेष बनावट श्रद्धालुओं का ध्यान आकर्षित कर रही है। लोग यहां पहुंचकर भगवान के दर्शन और पूजा-अर्चना कर रहे हैं।
पंडालों की अलग-अलग थीम और सजावट ने नवरात्रि के उत्सव को खास बना दिया है। पूजा समितियों की ओर से श्रद्धालुओं के लिए धार्मिक वातावरण तैयार करने की कोशिश की गई है।
अष्टमी से ज्यादा नवमी पर पहुंच रहे श्रद्धालु
महानवमी के अवसर पर पूजा पंडालों में सुबह से ही भक्तों की आवाजाही बढ़ गई। कई स्थानों पर अष्टमी के मुकाबले नवमी को अधिक भीड़ देखने को मिली। मां दुर्गा की पूजा-अर्चना, आरती और धार्मिक अनुष्ठानों में शामिल होने के लिए श्रद्धालु पहुंच रहे हैं।
भीड़ बढ़ने के साथ व्यवस्था बनाए रखना भी जरूरी है। श्रद्धालुओं को धक्का-मुक्की से बचने, बच्चों का ध्यान रखने और आयोजकों के निर्देशों का पालन करने की सलाह दी जाती है।
नवरात्रि के अंतिम दिनों में पूजा पंडालों की सजावट, लोककला और धार्मिक आयोजनों ने उत्सव का माहौल बना दिया है। छठ की थीम से लेकर मधुबनी पेंटिंग और गुफानुमा पंडाल तक, अलग-अलग आकर्षण श्रद्धालुओं को अपनी ओर खींच रहे हैं।