एशियन पैरा गेम्स से लौटाए गए बिहार के तैराक शम्स आलम शेख, महिला कर्मचारी से छेड़खानी के आरोप; नौकरी पर भी संकट
बिहार के मधुबनी जिले के रहने वाले पैरा तैराक शम्स आलम शेख को जापान में आयोजित एशियन पैरा गेम्स से वापस भेजे जाने का मामला सामने आया है। शम्स पर होटल की एक महिला कर्मचारी के साथ कथित तौर पर छेड़खानी करने का आरोप है। इस घटनाक्रम के बाद उनके खेल करियर और सरकारी नौकरी पर संकट के बादल मंडराने लगे हैं। उन पर आजीवन प्रतिबंध लगाए जाने की आशंका भी जताई जा रही है।
शम्स आलम शेख बिहार के मधुबनी जिले के निवासी हैं और तैराकी के क्षेत्र में अपनी पहचान बना चुके हैं। बिहार सरकार ने उन्हें करीब दो साल पहले नौकरी दी थी। अब अंतरराष्ट्रीय खेल प्रतियोगिता के दौरान लगे आरोपों के बाद उनके भविष्य को लेकर सवाल उठने लगे हैं।
जापान में प्रतियोगिता के दौरान सामने आया मामला
जानकारी के मुताबिक, शम्स आलम शेख जापान में आयोजित एशियन पैरा गेम्स में हिस्सा लेने पहुंचे थे। इसी दौरान उन पर होटल में काम करने वाली एक महिला कर्मचारी के साथ कथित छेड़खानी का आरोप लगा। मामले के सामने आने के बाद उन्हें प्रतियोगिता से वापस भेजे जाने की जानकारी सामने आई है।
हालांकि, घटना की विस्तृत परिस्थितियों, आरोपों की प्रकृति और संबंधित अधिकारियों की ओर से की गई कार्रवाई के बारे में आधिकारिक जानकारी सामने आना अभी बाकी है। ऐसे में मामले से जुड़े सभी तथ्यों की पुष्टि संबंधित अधिकारियों के बयान के बाद ही हो सकेगी।
आजीवन प्रतिबंध का मंडरा रहा खतरा
इस विवाद के बाद शम्स आलम शेख के खेल करियर पर गंभीर असर पड़ने की आशंका जताई जा रही है। उन पर आजीवन प्रतिबंध लगाए जाने की संभावना की चर्चा है। हालांकि, प्रतिबंध को लेकर किसी आधिकारिक आदेश की पुष्टि उपलब्ध जानकारी के आधार पर नहीं की जा सकती।
यदि खेल से जुड़ी संबंधित संस्था इस मामले में अनुशासनात्मक कार्रवाई करती है, तो इसका असर उनके भविष्य के खेल आयोजनों में भाग लेने की पात्रता पर पड़ सकता है। अंतिम निर्णय संबंधित खेल संस्था के नियमों, जांच और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर ही लिया जाएगा।
सरकारी नौकरी पर भी संकट
शम्स आलम शेख को बिहार सरकार ने दो साल पहले नौकरी प्रदान की थी। ऐसे में उनके खिलाफ लगे आरोपों के बाद उनकी सरकारी सेवा को लेकर भी सवाल उठने लगे हैं। हालांकि, नौकरी समाप्त करने या किसी अन्य विभागीय कार्रवाई के संबंध में फिलहाल किसी आधिकारिक आदेश की पुष्टि नहीं है।
सरकारी कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई संबंधित सेवा नियमों और निर्धारित प्रक्रिया के तहत की जाती है। इसलिए इस मामले में नौकरी पर अंतिम निर्णय संबंधित विभाग की कार्रवाई और जांच के निष्कर्षों पर निर्भर करेगा।
जांच और आधिकारिक जानकारी का इंतजार
शम्स आलम शेख से जुड़े इस मामले में अब सबकी नजर संबंधित खेल अधिकारियों और प्रशासन के आधिकारिक पक्ष पर है। आरोपों की पुष्टि, कार्रवाई के कारण और संभावित प्रतिबंध को लेकर स्पष्ट जानकारी सामने आना जरूरी है।