बिहार में कड़ाके की ठंड का कहर जारी, 22 जिलों में घना कोहरा और कोल्ड डे का अलर्ट
बिहार में इन दिनों बर्फीली पछुआ हवाओं के कारण कड़ाके की ठंड लोगों की परेशानी बढ़ा रही है। राज्यभर में ठंड का प्रकोप लगातार जारी है और मौसम विभाग ने संकेत दिए हैं कि अगले चार से पांच दिनों तक इससे राहत मिलने की कोई खास उम्मीद नहीं है। सुबह और देर रात चल रही सर्द हवाओं के साथ घना कोहरा जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर रहा है।
मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार, बिहार की राजधानी पटना समेत राज्य के 22 जिलों में घने कोहरे और ‘कोल्ड डे’ को लेकर अलर्ट जारी किया गया है। इन जिलों में दिन के समय भी तापमान सामान्य से काफी नीचे बना हुआ है, जिससे लोगों को दिनभर ठंड का अहसास हो रहा है। शुक्रवार को भी कई जिलों में कोल्ड डे की स्थिति बनी रही, जबकि कुछ इलाकों में शीत लहर का प्रभाव देखा गया।
राज्य के विभिन्न हिस्सों में न्यूनतम तापमान में लगातार गिरावट दर्ज की जा रही है। भागलपुर जिले के सबौर में शुक्रवार को राज्य का सबसे कम न्यूनतम तापमान 5.0 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। वहीं राजधानी पटना में न्यूनतम तापमान 9.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से नीचे रहा। ठंड के कारण सुबह के समय सड़कों पर सन्नाटा पसरा रहा और लोग घरों में दुबके नजर आए।
घने कोहरे का असर यातायात व्यवस्था पर भी साफ दिखाई दे रहा है। सुबह के समय दृश्यता काफी कम हो जाने से सड़क और रेल यातायात प्रभावित हुआ है। कई जगहों पर ट्रेनें देरी से चल रही हैं, जबकि हाईवे पर वाहन चालकों को हेडलाइट जलाकर चलने को मजबूर होना पड़ रहा है। प्रशासन ने लोगों से सावधानी बरतने और अनावश्यक यात्रा से बचने की अपील की है।
मौसम विभाग के मुताबिक, उत्तर-पश्चिमी ठंडी हवाओं के चलते बिहार में ठंड का यह दौर अभी बना रहेगा। दिन में धूप निकलने के बावजूद ठंडी हवाओं के कारण तापमान में बढ़ोतरी नहीं हो पा रही है। खासकर सुबह और शाम के समय ठंड ज्यादा महसूस की जा रही है।
ठंड बढ़ने से बच्चों, बुजुर्गों और बीमार लोगों पर खास असर पड़ रहा है। अस्पतालों में सर्दी, खांसी और बुखार के मरीजों की संख्या बढ़ रही है। प्रशासन की ओर से रैन बसेरों में व्यवस्था की जा रही है और जरूरतमंदों को कंबल वितरित किए जा रहे हैं।