राजद में जिलाध्यक्षों के चयन की कवायद तेज, तेजस्वी यादव कर रहे नेताओं के साथ बैठक
राष्ट्रीय जनता दल (राजद) में संगठन को मजबूत करने की तैयारी तेज हो गई है। पार्टी के कार्यकारी अध्यक्ष तेजस्वी यादव राज्य के 55 जिलाध्यक्षों के चयन को लेकर लगातार बैठकें कर रहे हैं। जिलाध्यक्षों के चुनाव को लेकर पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं से राय ली जा रही है।
जानकारी के अनुसार, तेजस्वी यादव जिलों के नेताओं के साथ बैठक कर संभावित नामों पर चर्चा कर रहे हैं। इसी क्रम में पटना ग्रामीण और पश्चिम चंपारण के नेताओं के साथ बैठक हो चुकी है। अब भागलपुर और मोतिहारी जिले के नेताओं के साथ बातचीत की जाएगी।
राजद की कोशिश है कि जिलाध्यक्ष के पद पर ऐसे नेताओं को जिम्मेदारी दी जाए, जो संगठन को मजबूत करने के साथ-साथ जमीनी स्तर पर कार्यकर्ताओं को सक्रिय कर सकें। आगामी राजनीतिक चुनौतियों को देखते हुए पार्टी संगठन में अनुभवी और सक्रिय चेहरों को प्राथमिकता देने की तैयारी में है।
बैठकों के दौरान स्थानीय नेताओं से जिलाध्यक्ष पद के लिए संभावित उम्मीदवारों के बारे में फीडबैक लिया जा रहा है। पार्टी नेतृत्व यह भी देख रहा है कि कौन से नेता अपने क्षेत्र में कार्यकर्ताओं के बीच मजबूत पकड़ रखते हैं और संगठन को बेहतर तरीके से चला सकते हैं।
राजद में जिलाध्यक्षों की नियुक्ति को काफी अहम माना जा रहा है। जिला स्तर पर संगठन की मजबूती का सीधा असर चुनावी तैयारियों पर पड़ता है। ऐसे में पार्टी नेतृत्व हर जिले के लिए उपयुक्त चेहरे का चयन करने में जुटा है।
सूत्रों के मुताबिक, सभी जिलों के नेताओं से चर्चा पूरी होने के बाद जिलाध्यक्षों के नामों को अंतिम रूप दिया जाएगा। इसके बाद पार्टी की ओर से आधिकारिक घोषणा की जा सकती है।
तेजस्वी यादव की इन बैठकों को राजद की आगामी रणनीति और संगठन विस्तार की तैयारियों से जोड़कर देखा जा रहा है। पार्टी का लक्ष्य जिला स्तर पर संगठन को और मजबूत बनाना है, ताकि आने वाले चुनावों में कार्यकर्ताओं की भूमिका को प्रभावी बनाया जा सके।