बिहार के 211 प्रखंडों में शुरू हुए डिग्री कॉलेज, CM सम्राट चौधरी बोले- आजादी के बाद शिक्षा क्षेत्र का सबसे बड़ा कदम
बिहार में उच्च शिक्षा को बढ़ावा देने की दिशा में बुधवार को एक बड़ा कदम उठाया गया। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने भागलपुर से राज्य के 211 प्रखंडों में डिग्री कॉलेजों की शुरुआत की। इस अवसर पर भागलपुर के काशील गांव में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने मंच से लोगों को संबोधित किया और इसे आजादी के बाद शिक्षा के क्षेत्र में उठाया गया सबसे बड़ा कदम बताया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि इन डिग्री कॉलेजों के शुरू होने से ग्रामीण और पिछड़े क्षेत्रों के विद्यार्थियों को अपने ही क्षेत्र में उच्च शिक्षा प्राप्त करने का अवसर मिलेगा। अब छात्रों को स्नातक की पढ़ाई के लिए दूर-दराज के शहरों का रुख नहीं करना पड़ेगा।
‘कॉलेजों की लगातार होगी मॉनिटरिंग’
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि राज्य सरकार इन नए डिग्री कॉलेजों की नियमित निगरानी करेगी। उन्होंने कहा कि कॉलेजों में पढ़ाई की गुणवत्ता, शिक्षकों की उपलब्धता और छात्रों को मिलने वाली सुविधाओं पर लगातार नजर रखी जाएगी।
उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य केवल कॉलेज खोलना नहीं है, बल्कि इन संस्थानों को बेहतर तरीके से संचालित करना भी है, ताकि विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिल सके।
ग्रामीण क्षेत्रों के छात्रों को मिलेगा लाभ
बिहार के कई प्रखंडों में उच्च शिक्षा के संस्थानों की कमी लंबे समय से एक बड़ी चुनौती रही है। खासकर ग्रामीण क्षेत्रों के छात्र-छात्राओं को स्नातक की पढ़ाई के लिए अपने घर से दूर जाना पड़ता था। नए डिग्री कॉलेज शुरू होने से ऐसे विद्यार्थियों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।
सरकार का मानना है कि इन कॉलेजों के माध्यम से युवाओं को बेहतर अवसर मिलेंगे और उच्च शिक्षा में नामांकन बढ़ेगा।
शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करने पर जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार शिक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए लगातार काम कर रही है। स्कूल शिक्षा के साथ-साथ उच्च शिक्षा के क्षेत्र में भी नए संस्थानों की स्थापना और सुविधाओं के विस्तार पर ध्यान दिया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि युवाओं को बेहतर शिक्षा और रोजगार के अवसर उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकता है।
211 प्रखंडों में नई शुरुआत
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि 211 प्रखंडों में डिग्री कॉलेजों की शुरुआत बिहार के शिक्षा क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण बदलाव की शुरुआत है। इससे राज्य के लाखों विद्यार्थियों को फायदा मिलेगा।
उन्होंने कहा कि आने वाले समय में इन कॉलेजों को आधुनिक सुविधाओं से लैस करने और शिक्षा के स्तर को बेहतर बनाने के लिए जरूरी कदम उठाए जाएंगे।
इस मौके पर प्रशासनिक अधिकारी, जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में स्थानीय लोग मौजूद रहे। मुख्यमंत्री की इस घोषणा को बिहार में उच्च शिक्षा के विस्तार की दिशा में अहम पहल माना जा रहा है।