होली पर बिहार लौटने वालों के लिए हवाई यात्रा महंगी, ट्रेनों में भी कन्फर्म टिकट की किल्लत
होली के त्योहार के मद्देनजर बिहार लौटने वाले यात्रियों के लिए हवाई यात्रा बेहद महंगी हो गई है। राजधानी पटना और अन्य प्रमुख शहरों के बीच उड़ानों के किराए दोगुने या उससे भी ज्यादा हो गए हैं। खासकर दिल्ली, मुंबई और बेंगलुरु से पटना की उड़ानों में कीमतों में भारी बढ़ोतरी देखने को मिली है।
सूत्रों के अनुसार, कुछ घरेलू उड़ानों के किराए तो विदेश यात्रा से भी अधिक हो गए हैं। उदाहरण के लिए, मुंबई-पटना की फ्लाइट का किराया अब दिल्ली-सिंगापुर की उड़ान से अधिक है। सीमित सीटें और त्योहार की बढ़ी हुई मांग के कारण यात्री मजबूरी में अत्यधिक कीमत चुकाने को मजबूर हैं।
रेल यातायात की स्थिति भी यात्रियों के लिए संतोषजनक नहीं है। रेलवे में कन्फर्म टिकट कम होने के कारण कई लोग लंबी दूरी की यात्रा में कठिनाई का सामना कर रहे हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि त्योहारों के समय एयरलाइन और रेलवे दोनों में यात्रियों की संख्या अचानक बढ़ने से टिकटों की कीमतें बढ़ जाती हैं और उपलब्धता कम हो जाती है।
ट्रैवल एजेंटों का कहना है कि अधिकांश एयरलाइंस होली जैसे पर्वों पर डिमांड और सप्लाई के हिसाब से मूल्य तय करती हैं, जिससे कुछ रूट्स में सामान्य से अधिक महंगाई देखने को मिलती है। यात्रियों को सलाह दी जा रही है कि वह यदि हो सके तो अग्रिम बुकिंग करें और फ्लाइट के विकल्पों की तुलना कर किराए में बचत करें।
यात्री शिकायत कर रहे हैं कि सीमित एयरलाइंस और ट्रेनों के कारण अब उन्हें यात्रा के लिए भारी खर्च करना पड़ रहा है। पटना एयरपोर्ट और रेलवे स्टेशन पर भीड़ और लंबी कतारें भी देखने को मिल रही हैं। इस स्थिति को देखते हुए विशेषज्ञों का कहना है कि आगामी वर्षों में त्योहारों के दौरान यात्रियों की सुविधा और सस्ती यात्रा सुनिश्चित करने के लिए अतिरिक्त उड़ानें और स्पेशल ट्रेनें चलाने की योजना बनानी होगी।
इस साल होली के अवसर पर यात्रियों को हवाई और रेल यात्रा दोनों में असामान्य महंगाई और कन्फर्म टिकट की कमी का सामना करना पड़ रहा है। इससे स्पष्ट होता है कि त्योहारों के समय यात्रा की योजना बनाते समय अग्रिम बुकिंग और वैकल्पिक मार्गों को प्राथमिकता देना आवश्यक है।