धोनी की कमी, खिलाड़ियों की इंजरी; इन पांच कारणों के चलते टूटा सीएसके का प्लेऑफ में पहुंचने का सपना
नई दिल्ली, 23 मई (आईएएनएस)। आईपीएल 2026 में चेन्नई सुपर किंग्स (सीएसके) का सफर समाप्त हो चुका है। 14 मुकाबलों में से सिर्फ 6 मैच जीतने के बाद सीएसके लगातार दूसरे साल भी प्लेऑफ का टिकट कटाने में नाकाम रही। आइए आपको वो 5 कारण बताते हैं, जिनके चलते पांच बार की चैंपियन का प्लेऑफ में खेलने का सपना टूट गया।
खिलाड़ियों की इंजरी ने बिगाड़ा खेल: चेन्नई सुपर किंग्स के लिए इस सीजन खिलाड़ियों की इंजरी खराब प्रदर्शन का एक अहम कारण रही। नाथन एलिस चोट के चलते टूर्नामेंट से बाहर हो गए, तो अच्छी लय में दिखाई दिए आयुष म्हात्रे का इंजरी की वजह से बाहर होना सीएसके के लिए बड़ा झटका रहा। खलील अहमद भी 5 मैच खेलने के बाद चोटिल हो गए जबकि बल्ले और गेंद दोनों से अहम योगदान दे रहे जेमी ओवरटन भी अहम समय पर इंजरी के कारण आईपीएल 2026 से बाहर हुए।
खली धोनी की कमी: चेन्नई सुपर किंग्स को विकेट के पीछे से टीम को लीड करने वाले एमएस धोनी की कमी इस सीजन खास तौर पर खली। चोट के कारण धोनी आईपीएल 2026 में एक भी मैच नहीं खेल सके। धोनी की गैरमौजूदगी में मुश्किल हालातों में कप्तान ऋतुराज गायकवाड़ भी मैदान पर पूरी तरह से बेबस दिखाई दिए।
उम्मीदों पर खरे नहीं उतरे युवा खिलाड़ी: आईपीएल 2026 के लिए सीएसके ने कई युवा खिलाड़ियों पर दांव खेला था। प्रशांत वीर और कार्तिक शर्मा को चेन्नई सुपर किंग्स ने 14.2 करोड़ रुपये खर्च करते हुए टीम से जोड़ा था। हालांकि, यह खिलाड़ी इस सीजन उम्मीदों पर खरे नहीं उतर सके। उर्विल पटेल भी इस सीजन सिर्फ एक ही अर्धशतक लगा सके।
ब्रेविस-ऋतुराज रहे फेल: सीएसके को अपने कप्तान ऋतुराज गायकवाड़ और युवा बल्लेबाज डेवाल्ड ब्रेविस से आईपीएल 2026 में धमाकेदार प्रदर्शन की उम्मीद थी। हालांकि, ब्रेविस टीम की उम्मीदों पर खरे नहीं उतरे। ब्रेविस ने 11 मुकाबलों में महज 127 के स्ट्राइक रेट से खेलते हुए 151 रन बनाए। ब्रेविस आईपीएल 2026 में एक अर्धशतक तक नहीं लगा सके। वहीं, ऋतुराज का इस सीजन स्ट्राइक रेट महज 123.44 का रहा।
अनुभवी गेंदबाजों की खली कमी: चेन्नई सुपर किंग्स को आईपीएल 2026 में अनुभवी गेंदबाजों की कमी साफतौर पर खली। खलील अहमद के बाहर होने के बाद टीम का तेज गेंदबाजी अटैक और भी कमजोर नजर आया। अंशुल कंबोज ने शुरुआत मुकाबलों में तो अच्छी गेंदबाजी की, लेकिन वह अहम मुकाबलों में हद से ज्यादा महंगे साबित हुए। स्पेंसर जॉनसन और गुरजपनीत सिंह का भी ऐसा ही कुछ हाल रहा। स्पिन विभाग में नूर अहमद के प्रदर्शन में निरंतरता की कमी दिखाई दी और वह रनों पर लगाम लगाने में भी नाकाम रहे।
--आईएएनएस
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