87 रन से हारी टीम इंडिया, वैभव सूर्यवंशी को बाहर बैठाने पर उठे सवाल; गंभीर-अय्यर के फैसले से नाराज फैंस
न्यूजीलैंड के खिलाफ चौथे टी20 मुकाबले में भारतीय टीम को 87 रनों की करारी हार का सामना करना पड़ा। शुरुआती तीन मुकाबलों में लक्ष्य का पीछा करते हुए जीत दर्ज करने वाली टीम इंडिया इस बार बड़े स्कोर के सामने बिखर गई। भारत की इस हार के बाद सबसे ज्यादा चर्चा युवा विस्फोटक बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी को प्लेइंग इलेवन से बाहर रखने के फैसले की हो रही है।
तीसरे टी20 मुकाबले में वैभव सूर्यवंशी और अभिषेक शर्मा ने मिलकर पावरप्ले के शुरुआती 6 ओवर में 118 रन ठोक दिए थे। दोनों की इस तूफानी बल्लेबाजी ने टी20 इंटरनेशनल में पावरप्ले के सबसे बड़े स्कोर का रिकॉर्ड बनाया था। इसके बावजूद चौथे टी20 में वैभव को मौका नहीं मिला। अब सोशल मीडिया पर फैंस टीम मैनेजमेंट के इस फैसले पर सवाल उठा रहे हैं।
न्यूजीलैंड ने खड़ा किया 259 रनों का विशाल स्कोर
चौथे टी20 मुकाबले में पहले बल्लेबाजी करने उतरी न्यूजीलैंड की टीम ने भारतीय गेंदबाजों के खिलाफ जमकर रन बनाए। कीवी बल्लेबाज ग्लेन फिलिप्स ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 107 रनों की विस्फोटक पारी खेली। उनकी बल्लेबाजी की बदौलत न्यूजीलैंड ने निर्धारित 20 ओवर में 259 रन का विशाल स्कोर खड़ा कर दिया।
इतने बड़े लक्ष्य के बावजूद भारतीय टीम के पास वापसी करने की उम्मीद थी। इस मैदान पर इससे पहले 245 रनों के लक्ष्य का सफलतापूर्वक पीछा किया जा चुका था। ऐसे में भारत को जीत के लिए शुरुआत से ही आक्रामक बल्लेबाजी करने की जरूरत थी।
लेकिन इस बार टीम इंडिया को वह विस्फोटक शुरुआत नहीं मिली, जिसकी उम्मीद की जा रही थी। नतीजा यह हुआ कि भारतीय टीम मुकाबले में पिछड़ती चली गई और आखिरकार 87 रनों से मैच गंवा बैठी।
तीसरे टी20 में वैभव-अभिषेक ने मचाया था तहलका
तीसरे टी20 मुकाबले में भारत को 200 रनों का लक्ष्य हासिल करना था। इस दौरान वैभव सूर्यवंशी और अभिषेक शर्मा ने ऐसी आक्रामक बल्लेबाजी की कि न्यूजीलैंड के गेंदबाज पूरी तरह दबाव में आ गए।
दोनों बल्लेबाजों ने पावरप्ले के केवल 6 ओवर में 118 रन बना दिए थे। टी20 इंटरनेशनल में यह पावरप्ले का रिकॉर्ड स्कोर था। वैभव ने महज 19 गेंदों में 45 रन की तूफानी पारी खेली, जबकि अभिषेक शर्मा ने भी अपनी विस्फोटक बल्लेबाजी से मुकाबले का रुख भारत की ओर मोड़ दिया।
इस प्रदर्शन के बाद उम्मीद थी कि चौथे टी20 में भी वैभव को मौका मिलेगा। खासकर तब, जब भारतीय टीम बड़े लक्ष्य का पीछा करने उतरने वाली थी। हालांकि, टीम मैनेजमेंट ने उन्हें प्लेइंग इलेवन में शामिल नहीं किया।
ईशान किशन की वापसी पर वैभव को बैठाया बाहर
चौथे टी20 में ईशान किशन के फिट होकर उपलब्ध होने के बाद वैभव सूर्यवंशी को टीम से बाहर कर दिया गया। यह फैसला कई फैंस को हैरान करने वाला लगा, क्योंकि युवा बल्लेबाज ने पिछले मुकाबले में अपनी काबिलियत साबित की थी।
भारतीय टीम सीरीज में पहले ही मजबूत स्थिति में थी। ऐसे में वैभव को लगातार मौका देने की उम्मीद की जा रही थी। लेकिन टीम मैनेजमेंट ने अलग संयोजन के साथ मैदान पर उतरने का फैसला किया।
अब इसी फैसले को लेकर सवाल उठ रहे हैं कि क्या बड़े लक्ष्य का पीछा करते समय वैभव जैसे आक्रामक बल्लेबाज की मौजूदगी भारत के लिए फायदेमंद हो सकती थी? हालांकि, यह निश्चित रूप से नहीं कहा जा सकता कि वैभव के खेलने से भारत मैच जीत जाता, लेकिन उनके पिछले प्रदर्शन को देखते हुए उन्हें बाहर रखने के फैसले पर बहस जरूर तेज हो गई है।
गौतम गंभीर और श्रेयस अय्यर पर उठे सवाल
भारत की करारी हार के बाद मुख्य कोच गौतम गंभीर और कप्तान श्रेयस अय्यर के फैसलों पर भी चर्चा हो रही है। फैंस का सवाल है कि जब वैभव सूर्यवंशी ने तीसरे टी20 में इतनी शानदार बल्लेबाजी की थी, तो उन्हें अगले मुकाबले से बाहर क्यों रखा गया?
फैंस के मुताबिक, 259 रनों जैसे बड़े लक्ष्य का पीछा करने के लिए शुरुआती ओवरों में तेज रन बनाना बेहद जरूरी था। वैभव और अभिषेक की जोड़ी पिछले मैच में यही काम कर चुकी थी। ऐसे में दोनों को एक बार फिर साथ देखने की उम्मीद थी।
हालांकि, टीम चयन के पीछे मैनेजमेंट की क्या रणनीति थी, इसे लेकर आधिकारिक स्पष्टीकरण के बिना किसी नतीजे पर पहुंचना सही नहीं होगा।
भारत की हार के बाद टीम चयन पर बहस तेज
न्यूजीलैंड के खिलाफ चौथे टी20 में 87 रनों की हार ने भारतीय टीम की रणनीति और प्लेइंग इलेवन के चयन को चर्चा के केंद्र में ला दिया है। एक तरफ ग्लेन फिलिप्स की शतकीय पारी ने न्यूजीलैंड को मजबूत स्थिति में पहुंचाया, तो दूसरी तरफ भारतीय बल्लेबाजी बड़े लक्ष्य के सामने अपेक्षित प्रदर्शन नहीं कर सकी।
अब फैंस के बीच सबसे बड़ा सवाल यही है कि क्या वैभव सूर्यवंशी को बाहर रखना सही फैसला था? तीसरे टी20 में रिकॉर्डतोड़ शुरुआत दिलाने वाले युवा बल्लेबाज को अगले मैच में मौका नहीं मिलने से टीम मैनेजमेंट की रणनीति पर सवाल उठना स्वाभाविक है।
हालांकि, भारत की हार के लिए केवल एक खिलाड़ी को बाहर रखने के फैसले को जिम्मेदार नहीं ठहराया जा सकता। गेंदबाजी, बल्लेबाजी और मैच के दौरान लिए गए फैसलों समेत कई पहलुओं का आकलन जरूरी है। अब देखना होगा कि अगले मुकाबले में टीम मैनेजमेंट वैभव सूर्यवंशी को दोबारा मौका देता है या नहीं।