उत्तराखंड की राजनीति से बड़ी खबर: मशहूर गायक जुबिन नौटियाल के पिता रामशरण नौटियाल ने कांग्रेस का दामन थामा
उत्तराखंड की राजनीति से 19 अक्टूबर 2026 को बड़ी खबर सामने आई है। मशहूर बॉलीवुड गायक जुबिन नौटियाल के पिता और पूर्व बीजेपी नेता रामशरण नौटियाल कांग्रेस में शामिल हो गए हैं। कुछ दिन पहले ही उन्होंने भारतीय जनता पार्टी (BJP) से इस्तीफा दिया था। अब कांग्रेस में उनकी वापसी को उत्तराखंड की राजनीति में एक अहम घटनाक्रम के तौर पर देखा जा रहा है।
रामशरण नौटियाल ने नई दिल्ली स्थित कांग्रेस मुख्यालय में पार्टी की सदस्यता ग्रहण की। इस दौरान कांग्रेस की उत्तराखंड प्रभारी कुमारी सैलजा, प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल और विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य सहित कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे। कांग्रेस नेताओं ने उनका स्वागत करते हुए उम्मीद जताई कि उनके आने से पार्टी को उत्तराखंड में मजबूती मिलेगी।
BJP छोड़ने के बाद कांग्रेस में वापसी
रामशरण नौटियाल का कांग्रेस से पुराना राजनीतिक संबंध रहा है। उन्होंने अपने राजनीतिक सफर की शुरुआत कांग्रेस से की थी और पार्टी संगठन में अहम जिम्मेदारियां भी संभाली थीं। हालांकि, साल 2014 में उन्होंने कांग्रेस छोड़कर बीजेपी का दामन थाम लिया था।बीजेपी में शामिल होने के बाद वह उत्तराखंड की राजनीति में सक्रिय रहे। साल 2022 के विधानसभा चुनाव में बीजेपी ने उन्हें चकराता विधानसभा सीट से उम्मीदवार बनाया था। इस चुनाव में उनका मुकाबला कांग्रेस के वरिष्ठ नेता प्रीतम सिंह से हुआ, लेकिन रामशरण नौटियाल को हार का सामना करना पड़ा।
BJP छोड़ने की क्या रही वजह?
रामशरण नौटियाल के बीजेपी से इस्तीफे के बाद उनके अगले राजनीतिक कदम को लेकर चर्चाएं तेज हो गई थीं। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, उन्होंने पार्टी में सम्मान की कमी और संगठन के कामकाज को लेकर नाराजगी जताई थी।कांग्रेस में उनकी वापसी पर कुमारी सैलजा ने उनका स्वागत किया और कहा कि वह बीजेपी के माहौल और कार्यप्रणाली से असंतुष्ट महसूस कर रहे थे। हालांकि, पार्टी बदलने के पीछे रामशरण नौटियाल के अपने बयान और आधिकारिक जानकारी को ही अंतिम आधार माना जाना चाहिए।
2027 के विधानसभा चुनाव से पहले बढ़ी सियासी हलचल
उत्तराखंड में अगले विधानसभा चुनाव की तैयारियों के बीच रामशरण नौटियाल का कांग्रेस में शामिल होना राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। वह देहरादून जिला पंचायत के पूर्व अध्यक्ष रह चुके हैं और चकराता क्षेत्र से भी उनका राजनीतिक जुड़ाव रहा है।कांग्रेस को उम्मीद है कि उनके अनुभव और क्षेत्र में संपर्क से संगठन को फायदा मिल सकता है। दूसरी ओर, बीजेपी छोड़कर कांग्रेस में आने के उनके फैसले को आगामी चुनावों के लिहाज से भी देखा जा रहा है। हालांकि, अभी यह स्पष्ट नहीं है कि पार्टी उन्हें भविष्य में कोई चुनावी जिम्मेदारी देगी या नहीं।
क्या जुबिन नौटियाल भी राजनीति में आएंगे?
रामशरण नौटियाल के कांग्रेस में शामिल होने के बाद उनके बेटे और मशहूर गायक जुबिन नौटियाल को लेकर भी लोगों की दिलचस्पी बढ़ सकती है। जुबिन बॉलीवुड के लोकप्रिय गायकों में शामिल हैं और ‘रातां लंबियां’ जैसे गानों से देशभर में पहचान बना चुके हैं।हालांकि, उनके पिता के पार्टी बदलने का मतलब यह नहीं है कि जुबिन नौटियाल भी राजनीति में सक्रिय होने जा रहे हैं। फिलहाल उपलब्ध खबरों में उनके राजनीति में प्रवेश को लेकर कोई पुष्टि नहीं है।
कांग्रेस को कितना मिलेगा फायदा?
रामशरण नौटियाल की कांग्रेस में वापसी से पार्टी को संगठनात्मक स्तर पर लाभ मिलने की उम्मीद जताई जा रही है। अब यह देखना अहम होगा कि कांग्रेस उन्हें उत्तराखंड में किस तरह की भूमिका देती है और उनके आने से स्थानीय राजनीतिक समीकरणों पर कितना असर पड़ता है।फिलहाल सबसे बड़ी खबर यही है कि जुबिन नौटियाल के पिता रामशरण नौटियाल ने बीजेपी छोड़कर कांग्रेस का हाथ थाम लिया है। आगामी विधानसभा चुनाव से पहले उनके इस फैसले ने उत्तराखंड की सियासत में नई चर्चा छेड़ दी है।