Rahul Gandhi in Goa: ‘वोट चोरी’ के आरोपों पर बोले राहुल, कहा- सरकार की एक्सपायरी डेट करीब
कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने रविवार को गोवा में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्र सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री वोट चोरी करते हैं और दावा किया कि सरकार की एक्सपायरी डेट नजदीक आ रही है। राहुल गांधी कांग्रेस की ‘गोय राखोन यात्रा’ के समापन कार्यक्रम में शामिल होने गोवा पहुंचे थे। इस दौरान उन्होंने बेरोजगारी, भ्रष्टाचार, जमीन और शिक्षा व्यवस्था जैसे मुद्दे भी उठाए।
राहुल बोले- सरकार की एक्सपायरी डेट आने वाली है
राहुल गांधी ने कहा कि वह हर राज्य में वोट चोरी का मुद्दा उठाते हैं, लेकिन उनके खिलाफ कोई केस दर्ज नहीं होता। उन्होंने दावा किया कि अगर मामला कानूनी प्रक्रिया में जाता है, तो सरकार मुश्किल में पड़ सकती है।
राहुल ने कहा कि दिल्ली में प्रधानमंत्री और गृह मंत्री से जुड़े मुद्दों पर पार्टी का काम जारी है। उन्होंने यह भी दावा किया कि देश का युवा सरकार के खिलाफ खड़ा हो रहा है और प्रधानमंत्री अब पहले की तरह लोगों के सामने मजबूती से खड़े नहीं हो पा रहे हैं।
शिक्षा व्यवस्था में RSS की भूमिका पर उठाए सवाल
राहुल गांधी ने शिक्षा व्यवस्था को लेकर भी केंद्र सरकार पर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि भारत की शिक्षा व्यवस्था को कभी दुनिया में एक मजबूत मॉडल के रूप में देखा जाता था, लेकिन अब छात्रों के साथ दुर्व्यवहार की घटनाएं सामने आ रही हैं।
उन्होंने आरोप लगाया कि शैक्षणिक संस्थानों में बीजेपी और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) से जुड़े लोगों को जगह दी जा रही है। राहुल ने शिक्षा व्यवस्था में राजनीतिक हस्तक्षेप का मुद्दा उठाते हुए सरकार की नीतियों पर सवाल किए।
गोवा में भ्रष्टाचार और जमीन के मुद्दे पर सरकार को घेरा
राहुल गांधी ने गोवा में भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए कहा कि राज्य में जमीन और अन्य संसाधनों से जुड़े मामलों में आम लोगों के हितों की अनदेखी हो रही है। उन्होंने दावा किया कि सरकार लोगों की जमीन लेकर बाहरी अमीर लोगों को फायदा पहुंचा रही है।
उन्होंने कहा कि गोवा की प्राकृतिक सुंदरता और सांस्कृतिक पहचान को बचाना जरूरी है। राहुल ने आरोप लगाया कि राज्य में जमीन से जुड़े फैसलों और मास्टर प्लान में बदलाव के पीछे आर्थिक हित काम कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस राज्य में कथित भ्रष्टाचार के इस मॉडल को खत्म करना चाहती है।
राहुल ने बेरोजगारी का मुद्दा भी उठाया और दावा किया कि गोवा में युवाओं के लिए रोजगार के पर्याप्त अवसर नहीं हैं। हालांकि, बेरोजगारी से जुड़े उनके दावों के समर्थन में कार्यक्रम के दौरान विस्तृत आंकड़े प्रस्तुत नहीं किए गए।
40 विधानसभा सीटों तक पहुंची ‘गोय राखोन यात्रा’
राहुल गांधी कांग्रेस की ‘गोय राखोन यात्रा’ के समापन कार्यक्रम में शामिल हुए। यह यात्रा 22 सितंबर को शुरू हुई थी और गोवा की सभी 40 विधानसभा सीटों तक पहुंची।
यात्रा के दौरान कांग्रेस ने जमीन, स्थानीय पहचान, पर्यावरण संरक्षण, बेरोजगारी, भ्रष्टाचार और सुरक्षा जैसे मुद्दे उठाए। पार्टी ने इन विषयों के जरिए राज्य में अपनी राजनीतिक मौजूदगी मजबूत करने की कोशिश की।
राहुल गांधी का पिछले चार साल में यह पहला गोवा दौरा बताया गया। इससे पहले वह 2022 में राज्य पहुंचे थे।
2027 के विधानसभा चुनाव पर कांग्रेस की नजर
गोवा में अगला विधानसभा चुनाव 2027 की शुरुआत में होने की संभावना है। फरवरी-मार्च के दौरान चुनाव कराए जाने का अनुमान है, हालांकि आधिकारिक कार्यक्रम घोषित नहीं हुआ है। मौजूदा विधानसभा का कार्यकाल 14 मार्च 2027 को समाप्त होगा।
कांग्रेस 2012 से गोवा की सत्ता से बाहर है। 2012 के चुनाव में बीजेपी और महाराष्ट्रवादी गोमांतक पार्टी (MGP) के गठबंधन ने कांग्रेस को सत्ता से हटाया था।
2017 के विधानसभा चुनाव में कांग्रेस 17 सीटों के साथ सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी थी, लेकिन बीजेपी ने अन्य दलों के साथ गठबंधन कर सरकार बना ली। 2022 के चुनाव में बीजेपी ने 20 सीटें जीतीं। बाद में कांग्रेस के आठ विधायक बीजेपी में शामिल हो गए।
चुनाव से पहले कांग्रेस का राजनीतिक अभियान
गोवा में राहुल गांधी का दौरा ऐसे समय हुआ है, जब राजनीतिक दल 2027 के विधानसभा चुनाव की तैयारी में जुट रहे हैं। कांग्रेस यात्रा के जरिए जमीन, पर्यावरण, रोजगार और भ्रष्टाचार जैसे स्थानीय मुद्दों को प्रमुखता दे रही है।
राहुल गांधी के बयानों से साफ है कि पार्टी आगामी चुनाव में राज्य सरकार और केंद्र की नीतियों को निशाने पर रखने की रणनीति अपना रही है। हालांकि, कांग्रेस का यह अभियान चुनाव में कितना असर डालेगा, इसका पता आने वाले महीनों में राजनीतिक गतिविधियों और जनता की प्रतिक्रिया से चलेगा।