Maldives: नाबालिग के यौन शोषण के आरोप में विपक्षी नेता अब्दुल्ला शाहिद गिरफ्तार, 2028 चुनाव की तैयारी के बीच हुई कार्रवाई
मालदीव में विपक्षी नेता और मालदीवियन डेमोक्रेटिक पार्टी (MDP) के अध्यक्ष अब्दुल्ला शाहिद को नाबालिग के कथित यौन शोषण के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। 64 वर्षीय शाहिद को सोमवार रात करीब 10 बजे राजधानी माले में अदालत के वारंट पर हिरासत में लिया गया। पुलिस के मुताबिक, उन पर 18 साल से कम उम्र के एक नाबालिग के यौन शोषण का आरोप है। फिलहाल मामले की जांच जारी है।
गिरफ्तारी से पहले सोशल मीडिया पर दी सफाई
गिरफ्तारी से कुछ समय पहले शाहिद ने सोशल मीडिया पर लोगों से उनके बारे में अफवाहें नहीं फैलाने की अपील की थी। उन्होंने अपने खिलाफ लगाए जा रहे आरोपों को मानहानिकारक बताया था।
स्थानीय मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, हुलहुमाले स्थित शाहिद के आवास के बाहर पुलिसकर्मी तैनात किए गए थे। इसी घर से उन्हें हिरासत में लिया गया। पुलिस ने धिवेही भाषा में जारी बयान में गिरफ्तारी की पुष्टि की, लेकिन मामले से जुड़ी विस्तृत जानकारी साझा नहीं की। पुलिस का कहना है कि जांच जारी है। हिरासत और रिमांड को लेकर आगे अदालत में सुनवाई होने की संभावना है।
मुइज्जू की भारत नीति पर उठाए थे सवाल
शाहिद की गिरफ्तारी ऐसे समय हुई है, जब मालदीव में राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू की विदेश नीति को लेकर राजनीतिक विवाद चल रहा है। विपक्ष खास तौर पर पाकिस्तान के साथ उनके बढ़ते संपर्कों और भारत के साथ संबंधों पर पड़ने वाले संभावित असर को लेकर सवाल उठा रहा है।
शाहिद ने हाल ही में मुइज्जू के पाकिस्तान के साथ बढ़ते संपर्कों की आलोचना की थी। उन्होंने आशंका जताई थी कि राष्ट्रपति 2023 के चुनाव से पहले चलाए गए भारत विरोधी अभियान को दोबारा हवा दे सकते हैं।
यह विवाद उस समय और बढ़ गया, जब मुइज्जू ने 20 से 22 अक्टूबर के बीच पाकिस्तान का दौरा किया। 11 साल बाद मालदीव के किसी राष्ट्रपति की यह पहली पाकिस्तान यात्रा थी। तीन दिवसीय दौरा दोनों देशों के बीच राजनयिक संबंधों की 60वीं वर्षगांठ के मौके पर हुआ था।
यात्रा के दौरान मालदीव और पाकिस्तान के बीच स्वास्थ्य, शिक्षा, व्यापार, कृषि, साइबर सुरक्षा, रक्षा और समुद्री सुरक्षा सहित विभिन्न क्षेत्रों में 20 समझौता ज्ञापनों (MoU) पर हस्ताक्षर किए गए। विपक्षी नेताओं ने इस बढ़ती नजदीकी को लेकर चिंता जताई थी।
शाहिद ने आरोप लगाया था कि मुइज्जू 2023 के राष्ट्रपति चुनाव की तरह एक और भारत विरोधी राजनीतिक अभियान शुरू करने की तैयारी कर रहे हैं।
2028 के राष्ट्रपति चुनाव के लिए कर रहे थे तैयारी
अब्दुल्ला शाहिद मालदीव के प्रमुख राजनेताओं और राजनयिकों में गिने जाते हैं। वे 17 नवंबर 2018 से 16 नवंबर 2023 तक तत्कालीन MDP सरकार में विदेश मंत्री रहे। इस दौरान उन्होंने अंतरराष्ट्रीय मंचों पर मालदीव का प्रतिनिधित्व किया।
साल 2021 में शाहिद संयुक्त राष्ट्र महासभा के 76वें सत्र के अध्यक्ष चुने गए थे। उन्होंने सितंबर 2021 से सितंबर 2022 तक इस पद पर काम किया। उनका चयन मालदीव के लिए एक बड़ी कूटनीतिक उपलब्धि माना गया था।
2023 के राष्ट्रपति चुनाव में MDP की हार के बाद पार्टी विपक्ष में आ गई। इसके बाद 20 फरवरी 2024 को शाहिद को पार्टी का अध्यक्ष चुना गया। वे निर्विरोध इस पद पर पहुंचे थे।
शाहिद की गिरफ्तारी ऐसे समय हुई है, जब वे 2028 के राष्ट्रपति चुनाव में MDP का उम्मीदवार बनने के लिए प्रचार कर रहे थे। उनकी गिरफ्तारी से मालदीव की राजनीति में नया विवाद खड़ा हो सकता है। हालांकि, मामले में पुलिस जांच और अदालत की आगे की कार्यवाही महत्वपूर्ण होगी।