दिल्ली में जुटे Congress के एससी-एसटी सांसद, 3 प्रमुख नेताओं के शामिल न होने से गरमाई राजनीति
कांग्रेस ने पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की उत्तराखंड के हल्द्वानी दौरे के बाद सामने आए कथित 'शुद्धिकरण' विवाद को लेकर अपने SC-ST सांसदों की बैठक बुलाई है। यह बैठक सोमवार को दिल्ली स्थित इंदिरा भवन में दोपहर 3 बजे होगी। इसमें हल्द्वानी में खरगे की रैली के बाद सार्वजनिक मैदान में कथित तौर पर किए गए 'शुद्धिकरण अनुष्ठान' को लेकर चर्चा की जाएगी।बताया जा रहा है कि 8 अगस्त को हल्द्वानी में खरगे की जनसभा के बाद उस स्थान पर कथित रूप से 'शुद्धिकरण' किया गया था। इस घटना को लेकर कांग्रेस ने कड़ी आपत्ति जताई है और इसे दलित समाज के प्रति अपमानजनक रवैये से जोड़कर देखा है।
44 में से तीन सांसद बैठक में नहीं होंगे शामिल
सूत्रों के मुताबिक, कांग्रेस के SC-ST सांसदों की बैठक में इस पूरे विवाद पर आगे की रणनीति पर चर्चा होगी। पार्टी के कुल 44 सांसदों में से कुमारी शैलजा, सुखदेव भगत और चरणजीत सिंह चन्नी के बैठक में शामिल नहीं होने की जानकारी सामने आई है।कांग्रेस सांसद मल्लू रवि ने बताया कि सांसदों को सोमवार दोपहर 3 बजे इंदिरा भवन में बैठक के लिए बुलाया गया है। उनके मुताबिक, करीब 25 से 30 सांसदों के बैठक में शामिल होने की उम्मीद है। उन्होंने कहा कि कुछ सांसद अन्य कार्यक्रमों में व्यस्त हैं, जबकि कुछ अन्य कारणों से बैठक में नहीं आ पाएंगे।
विवाद से निपटने के लिए तैयार होगा रोडमैप
मल्लू रवि ने समाचार एजेंसी IANS से बातचीत में कहा कि बैठक का उद्देश्य खरगे के भाषण और उसके बाद सामने आए 'शुद्धिकरण' विवाद को लेकर आगे की रणनीति तैयार करना है।उन्होंने कहा कि जब मल्लिकार्जुन खरगे उत्तराखंड में जनसभा को संबोधित करने पहुंचे थे, तब उन्होंने मंच से भाषण दिया था। इसके बाद भाजपा समर्थकों की ओर से कथित तौर पर मंच के 'अशुद्ध' होने की बात कही गई और वहां 'शुद्धिकरण' किए जाने का दावा सामने आया।कांग्रेस इस मामले को सामाजिक सम्मान और दलित प्रतिनिधित्व से जोड़कर देख रही है। पार्टी नेताओं का कहना है कि ऐसे मामलों के खिलाफ राजनीतिक और कानूनी स्तर पर आवाज उठाई जानी चाहिए।
अजय राय ने बताया पूरे दलित समाज का अपमान
विवाद पर उत्तर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय ने भी तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि यह मामला केवल मल्लिकार्जुन खरगे तक सीमित नहीं है, बल्कि इसे पूरे दलित समाज के अपमान के तौर पर देखा जाना चाहिए।अजय राय ने कहा कि कांग्रेस इस मुद्दे के खिलाफ मजबूती से लड़ रही है। उन्होंने यह भी मांग की कि कथित 'शुद्धिकरण' करने वालों के खिलाफ उत्तराखंड में कानूनी कार्रवाई होनी चाहिए।उन्होंने कहा कि कांग्रेस इस मुद्दे को लेकर पीछे हटने वाली नहीं है और पार्टी मजबूती से अपनी बात रखेगी।
क्या है पूरा विवाद?
दरअसल, हल्द्वानी में मल्लिकार्जुन खरगे की रैली के बाद सार्वजनिक मैदान में कथित तौर पर 'शुद्धिकरण' किए जाने की खबर सामने आई थी। इसी को लेकर कांग्रेस ने सवाल उठाए हैं।अब SC-ST सांसदों की बैठक में इस मामले को लेकर पार्टी की आगे की रणनीति पर चर्चा होने वाली है। बैठक के बाद कांग्रेस की ओर से इस मुद्दे को लेकर कोई बड़ा राजनीतिक या कानूनी कदम उठाया जाता है या नहीं, इस पर सभी की नजर रहेगी।