☰
×

CJP Protest: ज्ञानेश कुमार के खिलाफ प्रदर्शन को कई दलों का समर्थन, केजरीवाल परिवार समेत होंगे शामिल; कांग्रेस ने बनाई दूरी

 

दिल्ली के जंतर-मंतर पर 10 अक्टूबर को मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के खिलाफ प्रदर्शन का ऐलान करने वाली कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) को कई राजनीतिक दलों और सामाजिक कार्यकर्ताओं का समर्थन मिला है। प्रदर्शन में CPM, CPI, CPI-ML, RSP, ऑल इंडिया फॉरवर्ड ब्लॉक, आम आदमी पार्टी (AAP) और तृणमूल कांग्रेस के शामिल होने की बात कही गई है। वहीं, कांग्रेस ने इस प्रदर्शन से दूरी बनाए रखी है।

आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने कहा है कि वह अपने परिवार के साथ प्रदर्शन में शामिल होंगे। समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने भी सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए आंदोलन का समर्थन किया है। प्रदर्शन का मुख्य मुद्दा कथित वोट चोरी, विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) और चुनाव आयुक्तों की नियुक्ति से जुड़े कानून को लेकर विरोध है।

अखिलेश यादव ने युवाओं के समर्थन में क्या कहा?

अखिलेश यादव ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर कहा कि दिल्ली में देश के लोग जुटेंगे और उनकी पार्टी देश की युवा ऊर्जा के साथ खड़ी है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने ताकत के दम पर प्रदर्शनकारियों को रोकने की कोशिश की, तो इसका विरोध और व्यापक हो सकता है।

सपा प्रमुख ने जंतर-मंतर को केवल एक स्थान नहीं, बल्कि नई चेतना और जागरूकता का प्रतीक बताया। उन्होंने कहा कि अगर आंदोलनकारियों को रोका गया, तो देश के दूसरे हिस्सों में भी विरोध प्रदर्शन शुरू हो सकते हैं।

योगेंद्र यादव और ध्रुव राठी ने भी की अपील

प्रदर्शन को राजनीतिक दलों के अलावा सिविल सोसाइटी से जुड़े लोगों का भी समर्थन मिला है। योगेंद्र यादव ने एक्स पर पोस्ट कर लोगों से 10 अक्टूबर को दिल्ली पहुंचने की अपील की। उन्होंने मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे, SIR रद्द करने और चुनाव आयुक्तों की नियुक्ति से संबंधित 2023 के कानून को वापस लेने की मांग उठाई।

आइसा की अध्यक्ष नेहा बोरा और यूट्यूबर ध्रुव राठी ने भी लोगों से प्रदर्शन में शामिल होने की अपील की है।

प्रशांत भूषण ने लोकतंत्र बचाने की लड़ाई बताया

वकील प्रशांत भूषण ने भी प्रदर्शन का समर्थन किया है। उन्होंने लोगों से वोट चोरी के खिलाफ होने वाले आंदोलन में शामिल होने का आग्रह किया। भूषण ने कहा कि यदि पुलिस प्रदर्शनकारियों को आगे बढ़ने से रोकती है, तो वे वहीं बैठकर अपना विरोध जारी रख सकते हैं।

उन्होंने इस आंदोलन को लोकतंत्र की रक्षा से जुड़ी लड़ाई बताते हुए अधिक से अधिक लोगों से इसमें भाग लेने की अपील की।

राकेश टिकैत और गुरनाम सिंह चढ़ूनी का भी समर्थन

भारतीय किसान यूनियन के नेता राकेश टिकैत और गुरनाम सिंह चढ़ूनी ने भी CJP के प्रदर्शन को समर्थन दिया है। पार्टी ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए दोनों नेताओं का आभार जताया।

दूसरी ओर, भाजपा के नेता लगातार CJP पर आम आदमी पार्टी की ‘बी टीम’ होने और उसके इशारे पर काम करने के आरोप लगाते रहे हैं। हालांकि, ये राजनीतिक आरोप हैं।

दिल्ली में सुरक्षा व्यवस्था सख्त

प्रदर्शन को देखते हुए दिल्ली में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी किए जाने की जानकारी दी गई है। CJP के प्रमुख नेता अभिजीत दीपके, सौरव दास और आशुतोष रांका के मुंबई से दिल्ली के लिए रवाना होने की बात कही गई है।

प्रदर्शन स्थल जंतर-मंतर के आसपास प्रतिबंधात्मक आदेश लागू होने और बड़ी संख्या में सुरक्षाकर्मियों की तैनाती की भी खबर है। इसके अलावा, कुछ मेट्रो स्टेशनों को बंद रखने और दिल्ली के प्रमुख रेलवे स्टेशनों पर आने वाली मेल व एक्सप्रेस ट्रेनों के परिचालन पर असर पड़ने के दावे किए गए हैं।

हालांकि, मेट्रो स्टेशनों की संख्या, ट्रेनों के रद्द होने और सुरक्षा व्यवस्था से जुड़े इन दावों की आधिकारिक पुष्टि अलग से देखना जरूरी है।