पटना में जल्द शुरू होगी वाटर मेट्रो सेवा, गांधी घाट पर निर्माण कार्य शुरू
बिहार की राजधानी पटना में जल्द ही वाटर मेट्रो सेवा शुरू होने वाली है। इस महत्वाकांक्षी परियोजना के तहत शहरवासियों को जलमार्ग से यात्रा करने का आधुनिक और सुविधाजनक विकल्प मिलेगा। गांधी घाट पर चार्जिंग प्वाइंट के निर्माण का काम हाल ही में शुरू हो गया है। इसके अलावा कंगन घाट और दीघा घाट पर भी चार्जिंग प्वाइंट बनाने का प्रस्ताव है।
शनिवार को पर्यटन विभाग की ओर से जानकारी दी गई कि वाटर मेट्रो सेवा के लिए निर्माण और तैयारियों का काम तेजी से जारी है। अधिकारियों ने बताया कि यह परियोजना पटना में शहरवासियों और पर्यटकों के लिए एक नया और पर्यावरण के अनुकूल परिवहन साधन साबित होगी।
वाटर मेट्रो का कुल सफर लगभग 10.5 किलोमीटर लंबा होगा। परियोजना के प्रथम चरण में गांधी घाट और गायघाट मुख्य पड़ाव होंगे। इन दोनों स्थलों पर यात्रियों के उतरने-चढ़ने के लिए सुविधाजनक प्लेटफॉर्म और चार्जिंग पॉइंट बनाए जा रहे हैं। अधिकारियों का कहना है कि इस चरण के बाद परियोजना को दूसरे चरण में बढ़ाते हुए हाजीपुर और सोनपुर तक वाटर मेट्रो सेवा विस्तार करने की योजना है।
पर्यटन विभाग ने बताया कि वाटर मेट्रो की सेवा न केवल शहर के यातायात को कम करेगी, बल्कि पर्यावरण के अनुकूल भी होगी। जलमार्ग के माध्यम से यात्री आसानी से शहर के प्रमुख स्थलों और घाटों तक पहुंच सकेंगे। इससे सड़क पर वाहनों की भीड़ कम होने की संभावना है।
विशेषज्ञों का कहना है कि पटना जैसी ऐतिहासिक और नदी से घिरी राजधानी में जलमार्ग आधारित परिवहन प्रणाली का संचालन एक सकारात्मक कदम है। यह योजना शहरवासियों के लिए समय और संसाधन की बचत के साथ-साथ यात्रा को अधिक आरामदायक और सुरक्षित बनाएगी।
पर्यटन विभाग ने बताया कि वाटर मेट्रो सेवा के संचालन के लिए आधुनिक तकनीक और सुरक्षा मानकों का पालन किया जाएगा। नावों में आधुनिक चार्जिंग सिस्टम, यात्रियों के लिए सुरक्षा उपकरण और आरामदायक सीटिंग व्यवस्था होगी।
स्थानीय लोगों और पर्यटकों ने इस परियोजना को लेकर उत्साह व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि यह सेवा शहर में एक नया परिवहन विकल्प प्रस्तुत करेगी और पटना की यात्रा को आसान और रोचक बनाएगी।
वाटर मेट्रो परियोजना पटना में शहरी परिवहन और पर्यटन दोनों के लिए महत्वपूर्ण साबित होने वाली है। अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही इसके संचालन की तारीख घोषित की जाएगी और जनता को इसके लाभों का अनुभव मिलेगा।
इस तरह, पटना जल्द ही देश के उन शहरों की सूची में शामिल होगा, जहां जलमार्ग आधारित आधुनिक परिवहन सेवा उपलब्ध होगी। गांधी घाट से शुरू होने वाली यह सेवा जल्द ही शहरवासियों के लिए नई यात्रा की सुविधा का प्रतीक बन जाएगी।