विपक्ष का दावा-रामलीला मैदान की रैली से सीईसी का इस्तीफा लेकर लौटेंगे, एनडीए नेता बोले- गृहयुद्ध करवाने की तैयारी में इंडिया ब्लॉक
नई दिल्ली, 31 अक्टूबर (आईएएनएस)। दिल्ली के रामलीला मैदान में 1 नवंबर को प्रस्तावित इंडिया ब्लॉक की रैली को लेकर विपक्षी दलों के नेताओं का दावा है कि जिस मकसद से किया जा रहा है, वह पूरा होगा। वहीं, एनडीए नेताओं ने तंज कसते हुए कहा कि नौटंकी करने से कुछ हासिल नहीं होता। जनता विपक्षी दलों का सच जानती है।
केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने कहा कि रामलीला मैदान में रैली नहीं है, बल्कि भारत के सबसे बड़े त्योहार के समय आर्थिक नाकेबंदी का एक नया रास्ता खोजा गया है। देश में जब-जब आपदा आई है, चाहे कोरोना काल हो या ईरान से जुड़ा मामला, इन्होंने भारत में भ्रम फैलाने का काम किया है। अब ये देश में गृहयुद्ध करवाने की तैयारी कर रहे हैं, लेकिन ऐसा कभी नहीं होगा।
केंद्रीय राज्यमंत्री नित्यानंद राय ने कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष के आवास पर आयोजित मॉक पार्लियामेंट पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि कांग्रेस, राजद और कम्युनिस्ट पार्टियों को भारत की संसद पर विश्वास नहीं है। कांग्रेस, कम्युनिस्ट और राजद जैसी पार्टियां हमेशा लोकतंत्र और भारतीय संविधान का मजाक उड़ाती रहती हैं। जब भारतीय संसद का सत्र चलता है, तब कांग्रेस और उसके सहयोगी दल, राजद और कम्युनिस्ट पार्टियां सदन की कार्यवाही बाधित करने का काम करती हैं। संसद लोकतांत्रिक व्यवस्था का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है, जहां संविधान के अनुसार देश की जनता के कल्याण, विकास और आर्थिक उन्नति के लिए फैसले लिए जाते हैं। लेकिन जब ऐसे महत्वपूर्ण निर्णय लेने का समय आता है, तब ये पार्टियां सदन की कार्यवाही में बाधा उत्पन्न करती हैं।
उन्होंने कहा कि 25 करोड़ लोग गरीबी रेखा से बाहर आ गए हैं, लेकिन, विपक्षी दल पार्लियामेंट लगाकर लोकतंत्र के सिद्धांत का मजाक उड़ाते हैं।
भाजपा सांसद संजय जायसवाल ने कहा कि वे अपने ही घर पर लोगों को बुलाकर मॉक पार्लियामेंट करें या जो चाहें कुछ भी करें। अगर उन्हें जनता का सामना करने में शर्म आती है, तो ऐसी पार्टी के बारे में क्या कहा जाए।
बिहार सरकार में मंत्री मिथिलेश कुमार तिवारी ने कहा कि अब जब उन्हें असली संसद में बोलने का मौका नहीं मिल रहा है, तो वे क्या करेंगे? जो गतिविधियां हमारे विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ता करते रहते हैं, विपक्षी दल अब उसी की नकल कर रहे हैं। जब संसद चलती है तब राहुल गांधी संसद में मौजूद नहीं रहते और विदेश चले जाते हैं। अब मॉक पार्लियामेंट आयोजित कर एक अलग माहौल बनाने की कोशिश कर रहे हैं। सबसे बड़ी बात यह है कि जिन मुद्दों को वे उठा रहे हैं, वे देश के एजेंडे में शामिल नहीं हैं, बल्कि वे उनका अपना एजेंडा है।
जम्मू-कश्मीर के भाजपा प्रदेश अध्यक्ष सत शर्मा ने कहा कि देशभर में अराजकता का माहौल कांग्रेस द्वारा फैलाया जा रहा है। कांग्रेस द्वारा एसआईआर प्रक्रिया को लेकर लोगों के बीच गलत बातें फैलाई जा रही हैं।
भाजपा विधायक संजय उपाध्याय ने कहा कि संसद कहां से चलेगी यह लोकतांत्रिक व्यवस्था के तहत तय होता है। जब तक कांग्रेस सत्ता में थी, संसद वहीं चलती थी। जब हम विपक्ष में थे, तो हमने कभी ऐसे बयान नहीं दिए। अब जब सत्ता उनके लिए कहीं भी नहीं दिख रही है, तो वे सड़कों पर उतर रहे हैं। उन्होंने अब एक नया शब्द लाया है-महाभियोग प्रस्ताव। मैं चाहता हूं कि राहुल गांधी हमेशा आंदोलन करते रहें, विपक्ष की भूमिका में बने रहें।
कांग्रेस नेता अलका लांबा ने 1 नवंबर की रैली को लेकर कहा कि कार्यकर्ताओं में पूरा जोश है और लोगों में भी काफी उत्साह है। देशभर से लाखों लोग पहुंच रहे हैं। 1 नवंबर को राहुल गांधी स्वयं दोपहर करीब 12 बजे एक मार्च का नेतृत्व करेंगे, जो रामलीला मैदान की ओर बढ़ेगा। यहां आपको लोगों का भारी जनसैलाब देखने को मिलेगा। सभी की एक ही मांग है कि हम ज्ञानेश कुमार का इस्तीफा लेकर ही लौटेंगे।
मॉक पार्लियामेंट पर पीडीपी प्रमुख महबूबा मुफ्ती ने कहा कि असली संसद पूरी तरह विफल हो चुकी है; तभी मॉक संसद के जरिए काम चलाना पड़ रहा है। देश में लोकतंत्र की मौजूदा स्थिति यही दर्शाती है। वोट चोरों ने इस देश का बेड़ा गर्क दिया है। असली संसद, जिसे लोकतंत्र का मंदिर कहा जाता है, पूरी तरह विफल हो चुकी है।
कांग्रेस सांसद गौरव गोगोई ने कहा कि मुझे लगता है कि संवैधानिक पद पर बैठे ज्ञानेश कुमार को भारत की जनता के सामने अपना सिर झुकाना चाहिए, अन्यथा लोग उन्हें अपना सिर झुकाने के लिए मजबूर करेंगे।
बिहार के नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने कहा कि जिस तरह से वोटों की चोरी हो रही है, उससे देश के लोकतंत्र को खत्म करने की कोशिश की जा रही है। इसके खिलाफ हम सभी लोग एकजुट हैं। पूरे देश के लोग एक साथ खड़े हैं और किसी भी कीमत पर देश के लोकतंत्र को खत्म नहीं होने देंगे।
कांग्रेस नेता सुप्रिया श्रीनेत ने रैली को लेकर व्यापारियों में नाराजगी के सवाल पर कहा कि व्यापारी नाराज नहीं है, यह सब भाजपा की ओर से कहा जा रहा है। भाजपा के जो सांसद हैं, वे व्यापार मंडल में शामिल हैं। भाजपा के सचिव और महासचिव भी व्यापार मंडल में हैं। इसलिए जो चिट्ठियां लिखी जा रही हैं, वे भाजपा के लोग ही लिख रहे हैं। दीपावली से पहले लाखों लोग दिल्ली आ रहे हैं। यहां थोक बाजार हैं, जहां से लोग अपने घरों के लिए अच्छा सामान खरीदकर ले जाएंगे। इससे मुनाफा ही होने वाला है।
समाजवादी पार्टी के सांसद पुष्पेंद्र सरोज ने रैली को लेकर कहा कि जिस तरह से लगातार वोटों की चोरी हो रही है, उसे लेकर यह होने जा रहा है। यूपी में हाल ही में संपन्न हुए एमएलसी चुनाव में सभी ने देखा कि कैसे हमारी पार्टी को हराने के लिए दो दिनों तक वोटों की गिनती चलती रही। इसके बाद यह साफ हो गया है कि अगर चुनाव बैलेट पेपर से कराए जाएं तो पार्टियां जनता के जनादेश के आधार पर जीतेंगी।
--आईएएनएस
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