वीएचपी प्रवक्ता विनोद बंसल बोले, तीन राज्यों में चुनावी जीत ‘हिंदुत्व और विचारधारा की विजय’
नई दिल्ली, 5 मई (आईएएनएस)। विश्व हिंदू परिषद (वीएचपी) के राष्ट्रीय प्रवक्ता विनोद बंसल ने हालिया विधानसभा के चुनावी नतीजों पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि तीन राज्यों में भारतीय जनता पार्टी की जीत केवल राजनीतिक सफलता नहीं, बल्कि सनातन धर्म, सांस्कृतिक मूल्यों और वैचारिक प्रतिबद्धता की जीत है।
उन्होंने दावा किया कि इन परिणामों से देश में 'राम राज्य' की स्थापना की दिशा मजबूत होगी और पश्चिम बंगाल समेत अन्य राज्यों में विकास की गति तेज होगी। बंसल ने यह भी आरोप लगाया कि पश्चिम बंगाल को 'इस्लामिक' करने की कोशिशों को जनता ने अपने जनादेश के जरिए खारिज कर दिया है।
विनोद बंसल ने समाचार एजेंसी आईएएनएस से बातचीत में कहा कि यह किसी एक राजनीतिक दल की नहीं, बल्कि विचारधारा और हिंदुत्व की जीत है। उन्होंने कहा कि जनता ने राष्ट्र विरोधी मानसिकता को नकारते हुए स्पष्ट संदेश दिया है।
उन्होंने कहा कि घुसपैठियों की मंशा पश्चिम बंगाल को बांग्लादेश जैसा बनाने की थी, लेकिन मतदाताओं ने ऐसी सोच पर प्रश्नचिह्न लगा दिया। बंसल ने यह भी कहा कि 'मां काली की पावन धरा' को 'मक्का-मदीना' बनाने की कथित कोशिशों को जनता ने अस्वीकार कर दिया है और राज्य को घुसपैठ जैसी समस्याओं से मुक्ति दिलाने के लिए निर्णायक कदम उठाया है।
उन्होंने कहा कि चुनाव परिणाम उन लोगों के लिए भी सबक हैं, जो 'जय श्री राम' के उद्घोष से असहज होते थे और हिंदू समाज के खिलाफ काम करते थे। बंसल ने आरोप लगाया कि पहले धार्मिक आयोजनों के लिए अदालतों का सहारा लेना पड़ता था, लेकिन अब स्थिति बदलने की उम्मीद है और पश्चिम बंगाल इन बाधाओं से मुक्त होगा।
उन्होंने केरल के चुनाव परिणामों का जिक्र करते हुए कहा कि देश को 'घातक विचारधारा' से मुक्ति मिल रही है, जिसे उन्होंने साम्यवाद, नक्सलवाद और माओवाद से जोड़ा। बंसल ने कहा कि कार्ल मार्क्स की जयंती की पूर्व संध्या पर आए इन नतीजों ने यह संकेत दिया है कि देश में मार्क्सवादी विचारधारा अब समाप्ति की ओर है और जनता ने इसे खारिज कर दिया है।
इसके अलावा, उन्होंने तमिलनाडु की जनता की भी सराहना की और कहा कि वहां मतदाताओं ने 'हिंदू विरोधी शक्तियों' को पराजित किया है। बंसल ने आरोप लगाया कि कुछ राजनीतिक दलों ने भारतीय परंपराओं और जीवन मूल्यों पर आघात किया, यहां तक कि धार्मिक प्रतीकों और परंपराओं के पालन में भी बाधाएं डालीं। उन्होंने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि हिंदू विरोधी रुख के कारण पार्टी अब अपने अस्तित्व के लिए संघर्ष कर रही है।
विनोद बंसल ने कहा कि देश की जनता की अपेक्षा साफ है कि जो भी हिंदुत्व और भारतीय संस्कृति के मूल्यों को अपनाएगा, वही जनता का समर्थन प्राप्त करेगा और देश के शासन में प्रमुख भूमिका निभाएगा।
--आईएएनएस
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