वियतनाम स्पीडबोट हादसा: 15 भारतीयों की मौत के बाद कैप्टन गिरफ्तार, वीडियो में जाने रिवॉर्ड ट्रिप पर गए थे 'लावा मोबाइल' के कर्मचारी और पार्टनर
वियतनाम में भारतीय पर्यटकों से भरी स्पीडबोट पलटने की दर्दनाक घटना के बाद स्थानीय प्रशासन ने बड़ा कदम उठाते हुए स्पीडबोट के कैप्टन को गिरफ्तार कर लिया है। हादसे में 15 भारतीय नागरिकों की मौत हो गई थी, जिसके बाद कैप्टन के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। स्थानीय अधिकारी दुर्घटना के कारणों की विस्तृत जांच कर रहे हैं।
रिवॉर्ड ट्रिप पर गए थे भारतीय पर्यटक
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, हादसे का शिकार हुए अधिकांश भारतीय 'लावा मोबाइल' के चैनल पार्टनर और कर्मचारी थे। कंपनी ने अपने टॉप परफॉर्मिंग डिस्ट्रीब्यूटर्स के लिए एक विशेष रिवॉर्ड ट्रिप का आयोजन किया था, जिसके तहत सभी वियतनाम घूमने गए थे। इसी दौरान समुद्री सैर के लिए निकली स्पीडबोट दुर्घटनाग्रस्त हो गई। हालांकि, कंपनी की ओर से इस संबंध में आधिकारिक बयान का इंतजार है।
परिवारों को टीवी और फोन से मिली हादसे की खबर
हादसे के बाद पीड़ित परिवारों ने बताया कि उन्हें अपने परिजनों के साथ हुई दुर्घटना की जानकारी टीवी चैनलों और दोस्तों के फोन कॉल के जरिए मिली। इसके बाद वियतनाम स्थित भारतीय दूतावास और स्थानीय प्रशासन ने उनसे संपर्क कर स्थिति की जानकारी दी।कई परिवार अब भी अपने प्रियजनों के पार्थिव शरीर के भारत पहुंचने का इंतजार कर रहे हैं। हादसे ने देशभर में शोक की लहर पैदा कर दी है।
खराब मौसम और ऊंची लहरें बनीं हादसे की वजह
स्थानीय प्रशासन की शुरुआती जांच के अनुसार, दुर्घटना के समय मौसम अचानक खराब हो गया था और समुद्र में ऊंची लहरें उठने लगी थीं। माना जा रहा है कि इन्हीं परिस्थितियों के कारण स्पीडबोट का संतुलन बिगड़ गया और वह पलट गई।हालांकि, अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि जांच अभी जारी है और यह भी पता लगाया जा रहा है कि क्या सुरक्षा मानकों का पूरी तरह पालन किया गया था या नहीं।
कैप्टन पर दर्ज हुआ मामला
दुर्घटना के बाद वियतनाम पुलिस ने स्पीडबोट के कैप्टन को हिरासत में लेकर पूछताछ की और बाद में उसे गिरफ्तार कर उसके खिलाफ मामला दर्ज किया। जांच एजेंसियां यह भी पता लगा रही हैं कि हादसा केवल खराब मौसम के कारण हुआ या संचालन में किसी प्रकार की लापरवाही भी रही।
भारतीय दूतावास लगातार कर रहा समन्वय
वियतनाम में भारतीय दूतावास स्थानीय प्रशासन के साथ मिलकर राहत और आवश्यक औपचारिकताओं में जुटा हुआ है। दूतावास प्रभावित परिवारों के संपर्क में है और पार्थिव शरीरों को भारत भेजने की प्रक्रिया में सहयोग कर रहा है।
जांच रिपोर्ट का इंतजार
इस दर्दनाक हादसे ने विदेश यात्रा के दौरान समुद्री पर्यटन की सुरक्षा व्यवस्थाओं पर भी सवाल खड़े किए हैं। अब सभी की निगाहें वियतनाम प्रशासन की विस्तृत जांच रिपोर्ट पर हैं, जिससे दुर्घटना के वास्तविक कारणों और संभावित जिम्मेदारियों का पता चल सकेगा। वहीं, भारत में पीड़ित परिवार अपने परिजनों के पार्थिव शरीर के स्वदेश लौटने का इंतजार कर रहे हैं।