यूपी के 26 शक्तिपीठों और देवी मंदिरों में गूंजेंगे देवीगीत, महिला सुरक्षा-सम्मान का संदेश देगी योगी सरकार
लखनऊ, 12 अक्टूबर (आईएएनएस)। उत्तर प्रदेश में शारदीय नवरात्रि के अवसर पर योगी सरकार महिलाओं और बालिकाओं की सुरक्षा, सम्मान तथा स्वावलंबन का संदेश देने के लिए प्रदेश के 26 चयनित शक्तिपीठों और देवी मंदिरों में तीन दिवसीय सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित करेगी। 17 से 19 अक्टूबर तक सप्तमी, अष्टमी और नवमी के अवसर पर देवीगीत गायन के साथ दुर्गा सप्तशती का पाठ किया जाएगा। इन आयोजनों पर 28.08 लाख रुपये खर्च किए जाएंगे।
प्रदेश के पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह ने बताया कि संस्कृति विभाग की ओर से आयोजित इन कार्यक्रमों का उद्देश्य शक्ति आराधना के माध्यम से महिलाओं और बालिकाओं में सुरक्षा, सम्मान, स्वावलंबन और आत्मनिर्भरता का संदेश पहुंचाना है। कार्यक्रमों के लिए कलाकारों के मानदेय, यात्रा व्यय, स्वयंसेवकों और अन्य व्यवस्थाओं के मद में धनराशि स्वीकृत की गई है। चयनित धार्मिक स्थलों में मिर्जापुर का मां विंध्यवासिनी देवी मंदिर, सोनभद्र का ज्वाला देवी मंदिर, प्रयागराज का अलोपी देवी मंदिर, कौशांबी का कड़वासिनी मंदिर, बलरामपुर का पाटेश्वरी देवी मंदिर और सीतापुर के नैमिषारण्य स्थित ललिता देवी मंदिर शामिल हैं।
इसके अलावा सहारनपुर का शाकुंभरी देवी मंदिर, मथुरा का कात्यायनी देवी मंदिर, जौनपुर का मां शीतला चौकिया धाम, प्रतापगढ़ का बेल्हा देवी मंदिर, वाराणसी का विशालाक्षी देवी मंदिर, उन्नाव का चंडिका देवी मंदिर और गोरखपुर का तरकुलहा धाम भी कार्यक्रमों का हिस्सा होंगे। अन्य चयनित स्थलों में मऊ का शीतला माता स्थल, चित्रकूट का शिवानी देवी मंदिर, हमीरपुर का गायत्री शक्तिपीठ, जालौन के कोंच स्थित बैरागढ़ माता मंदिर, घाटमपुर का कुसमांडा देवी मंदिर, मैनपुरी का शीतला माता मंदिर, फिरोजाबाद का चामुंडा माता मंदिर और फर्रुखाबाद का गुरुग्राम देवी मंदिर शामिल हैं।
लखनऊ के चंद्रिका देवी और संकटा देवी मंदिरों में भी आयोजन होंगे। सरकार के अनुसार, इन सांस्कृतिक कार्यक्रमों के माध्यम से पारंपरिक देवीगीतों और धार्मिक अनुष्ठानों को प्रोत्साहित करने के साथ महिलाओं एवं बालिकाओं के अधिकारों, सम्मान और आत्मनिर्भरता के प्रति जागरूकता बढ़ाई जाएगी।
--आईएएनएस
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