कश्मीरी पंडित कर्मचारियों को आतंकियों की धमकी, फुटेज में देंखे ULC ने जारी की छठी चिट्ठी; फोन नंबर और गाड़ियों की जानकारी जुटाने का दावा
जम्मू-कश्मीर में कश्मीरी पंडितों को लेकर आतंकी संगठन की धमकी का मामला सामने आया है। लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े आतंकी संगठन यूनाइटेड लिबरेशन काउंसिल (ULC) ने कश्मीरी पंडितों के नाम एक और धमकी भरी चिट्ठी जारी की है। यह पिछले एक महीने में जारी की गई संगठन की छठी चिट्ठी बताई जा रही है।इस बार आतंकियों ने खास तौर पर प्रधानमंत्री पैकेज के तहत जम्मू-कश्मीर में काम कर रहे कश्मीरी पंडित कर्मचारियों को निशाना बनाया है। संगठन ने दावा किया है कि उसने इन कर्मचारियों की निजी जानकारी जुटा ली है, जिसमें उनके फोन नंबर, पते और गाड़ियों की जानकारी शामिल है।
गैर स्थानीय कर्मचारियों को लेकर दी धमकी
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आतंकी संगठन की ओर से जारी पत्र में गैर स्थानीय कर्मचारियों को लेकर भी धमकी दी गई है। इसमें कहा गया है कि अगर वे यहां काम करते रहे तो उनके शव उनके घर भेजे जाएंगे। इस धमकी के बाद कश्मीरी पंडित कर्मचारियों में चिंता का माहौल है।सुरक्षा एजेंसियां इस मामले को गंभीरता से ले रही हैं और धमकी भरी चिट्ठी की जांच की जा रही है। अधिकारियों की ओर से यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि आतंकियों तक कर्मचारियों की निजी जानकारी कैसे पहुंची।
पीएम पैकेज कर्मचारियों के संगठन ने मांगी सुरक्षा
धमकी के बाद ऑल पीएम पैकेज एम्प्लॉइज एसोसिएशन ने प्रधानमंत्री और जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल से हस्तक्षेप की मांग की है। संगठन ने सरकार से मामले की जांच कराने और कर्मचारियों की सुरक्षा बढ़ाने की अपील की है।कर्मचारियों का कहना है कि वे सरकार की नीति के तहत घाटी में काम कर रहे हैं और ऐसे में उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करना प्रशासन की जिम्मेदारी है।
पहले भी जारी हो चुकी हैं धमकी भरी चिट्ठियां
कश्मीरी पंडित कर्मचारियों को आतंकी संगठनों की ओर से पहले भी धमकियां मिलती रही हैं। घाटी में प्रधानमंत्री पैकेज के तहत बड़ी संख्या में कश्मीरी पंडित कर्मचारी अलग-अलग विभागों में तैनात हैं। आतंकी संगठन समय-समय पर उन्हें निशाना बनाने की कोशिश करते रहे हैं।सुरक्षा बलों ने कई बार स्पष्ट किया है कि घाटी में आतंकवाद के खिलाफ अभियान जारी है और आम नागरिकों व कर्मचारियों की सुरक्षा के लिए सभी जरूरी कदम उठाए जा रहे हैं।
सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट पर
ताजा धमकी के बाद सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट हो गई हैं। खुफिया इनपुट जुटाए जा रहे हैं और धमकी जारी करने वाले संगठन तथा उससे जुड़े लोगों की पहचान की कोशिश की जा रही है।प्रशासन की ओर से कर्मचारियों को सतर्क रहने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत सुरक्षा एजेंसियों को देने की सलाह दी गई है। वहीं कश्मीरी पंडित संगठनों ने सरकार से मांग की है कि ऐसी धमकियों को गंभीरता से लेते हुए सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत किया जाए।