टीनएजर्स के लिए संतुलित आहार क्यों जरूरी? जानिए डाइट प्लान
नई दिल्ली, 26 अप्रैल (आईएएनएस)। टीनएज (किशोरावस्था) वह समय होता है जब शरीर और दिमाग दोनों बहुत तेजी से बढ़ते हैं। इस उम्र में हाइट बढ़ती है, वजन बदलता है, हार्मोनल बदलाव होते हैं और पढ़ाई का दबाव भी बढ़ जाता है। ऐसे में सिर्फ पेट भरना काफी नहीं होता, बल्कि सही और संतुलित आहार लेना बेहद जरूरी हो जाता है। अगर इस समय शरीर को सही पोषण नहीं मिलता, तो थकान, कमजोरी, ध्यान की कमी और बार-बार बीमार पड़ने जैसी दिक्कतें हो सकती हैं।
संतुलित आहार के लिए ऐसा खाना चुनना चाहिए, जिसमें शरीर को जरूरी सभी पोषक तत्व जैसे प्रोटीन, कार्बोहाइड्रेट, विटामिन, मिनरल्स और फैट सही मात्रा में मिलें। टीनएजर्स के लिए प्रोटीन बहुत जरूरी है क्योंकि यही शरीर की ग्रोथ में मदद करता है। इसके लिए रोजाना दाल, दूध, दही, अंडा, पनीर या चना जैसे खाद्य पदार्थ शामिल करें।
इसके साथ ही, शरीर में खून की कमी न हो, इसके लिए आयरन भी बहुत जरूरी है। खासकर लड़कियों में माहवारी शुरू होने के बाद आयरन की जरूरत और बढ़ जाती है। हरी पत्तेदार सब्जियां जैसे पालक, सरसों, गुड़, चना और दालें खाना फायदेमंद रहता है। इसके साथ नींबू, संतरा या आंवला जरूर लें। इससे शरीर आयरन को बेहतर तरीके से सोख पाता है।
हड्डियों को मजबूत बनाने के लिए कैल्शियम भी बहुत जरूरी है। इसके लिए दूध, दही, रागी, तिल और मेथी जैसी चीज़ों को अपनी डाइट में शामिल करें। ये चीजें आगे चलकर हड्डियों को मजबूत बनाती हैं और कमजोरी से बचाती हैं।
आजकल टीनएजर्स में पैकेट वाले स्नैक्स, जंक फूड, ज्यादा मीठा और तला-भुना खाने का चलन बढ़ गया है। ये चीजें स्वाद तो देती हैं, लेकिन शरीर को सही पोषण नहीं देतीं। इसलिए कोशिश करें कि घर का बना ताजा खाना ही ज्यादा खाएं।
सुबह नाश्ते में दूध और पराठा/पोहे/उपमा, दोपहर में दाल, रोटी, सब्जी और सलाद, शाम को फल या स्प्राउट्स और रात में हल्का लेकिन पौष्टिक खाना। बीच-बीच में पानी पीते रहना भी बहुत जरूरी है।
सिर्फ खाना ही नहीं, बल्कि एक्टिव रहना भी उतना ही जरूरी है। रोज थोड़ा खेलना, दौड़ना या कोई फिजिकल एक्टिविटी करना शरीर और दिमाग दोनों को मजबूत बनाता है।
--आईएएनएस
पीआईएम/एएस