स्क्वाड्रन लीडर प्रशांत ऐसे इंसान थे, जो परिवार की खुशियों से पहले देश को रखते थे: बहन ऋतु
देहरादून, 14 जून (आईएएनएस)। असम के जोरहाट में हुए कार्गो विमान हादसे में शहीद हुए स्क्वाड्रन लीडर प्रशांत सिंह तोमर का पार्थिव शरीर देहरादून पहुंचा तो पूरे परिवार और क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई। प्रशांत की चचेरी बहन ऋतु ने समाचार एजेंसी आईएएनएस से बातचीत करते हुए उन्हें याद किया।
बहन ऋतु ने भाई प्रशांत सिंह तोमर को याद करते हुए कहा कि वह बचपन से ही बेहद प्रतिभाशाली, अनुशासित और अपने लक्ष्य को लेकर पूरी तरह समर्पित थे।
उन्होंने कहा, "प्रशांत बचपन से ही बहुत ब्राइट और सबसे अलग बच्चा था। वह ऐसा बेटा था, जिस पर हर माता-पिता और परिवार को गर्व हो। उसने अपना रास्ता खुद चुना और भारतीय वायु सेना में शामिल होकर पायलट बनने का सपना पूरा किया। हम सभी को उन पर गर्व है।"
ऋतु ने बताया कि प्रशांत का सपना बचपन से ही सेना में जाने का था, और वह हमेशा देश सेवा को अपनी व्यक्तिगत खुशियों से ऊपर रखते थे। उन्होंने कहा, "मेरी उनसे हमेशा बात होती थी। वह ऐसे इंसान थे, जो अपनी और अपने परिवार की खुशियों से पहले देश को रखते थे।"
उन्होंने कहा कि यह हादसा पूरे परिवार के लिए अपूरणीय क्षति है। खास बात यह है कि प्रशांत का परिवार लंबे समय से देश सेवा से जुड़ा है। ऋतु ने बताया कि उनके मामा भारतीय सेना में रह चुके हैं, प्रशांत का एक चचेरा भाई सीआरपीएफ में कार्यरत है, उनके पति सेना में हैं और प्रशांत के जीजा भी भारतीय सेना का हिस्सा हैं। उन्होंने कहा, "हमारी पूरी फैमिली देश की सेवा में लगी हुई है।"
ऋतु ने हादसे पर दुख व्यक्त करते हुए सरकार से मामले की गहन जांच कराने की मांग की। उन्होंने कहा कि इस दुर्घटना की पूरी सच्चाई सामने आनी चाहिए, ताकि भविष्य में देश सेवा में जुटे जवानों और अधिकारियों को ऐसी परिस्थितियों का सामना न करना पड़े।
उन्होंने प्रधानमंत्री और रक्षा मंत्री से अनुरोध करते हुए कहा कि इस हादसे की निष्पक्ष जांच कराई जाए, ताकि इससे सबक लेकर भविष्य में ऐसी दुखद घटनाओं को रोका जा सके।
--आईएएनएस
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