सोनम वांगचुक को जोधपुर जेल के पानी से पेट दर्द, गंभीर संक्रमण की शिकायत
लद्दाख के सामाजिक कार्यकर्ता और शिक्षाविद् सोनम वांगचुक की तबीयत जोधपुर सेंट्रल जेल में बिगड़ने की खबर सामने आई है। बताया जा रहा है कि जेल में उपलब्ध कराए जा रहे पानी के सेवन के बाद उन्हें पेट दर्द और गंभीर संक्रमण की शिकायत हुई है। इस खबर के सामने आते ही उनके समर्थकों और मानवाधिकार संगठनों में चिंता बढ़ गई है।
सूत्रों के अनुसार, सोनम वांगचुक ने जेल प्रशासन को लिखित रूप से अपनी स्वास्थ्य समस्या की जानकारी दी है। शिकायत में कहा गया है कि जेल का पानी पीने के बाद उन्हें लगातार पेट दर्द, उल्टी और कमजोरी महसूस हो रही है। डॉक्टरों की शुरुआती जांच में संक्रमण की आशंका जताई गई है। फिलहाल उनका इलाज जेल के चिकित्सक द्वारा किया जा रहा है, लेकिन स्थिति को देखते हुए विशेषज्ञ इलाज की मांग भी उठ रही है।
परिजनों और समर्थकों का आरोप है कि जेल में स्वच्छ पेयजल की व्यवस्था नहीं है, जिससे कैदियों की सेहत पर गंभीर असर पड़ रहा है। उनका कहना है कि सोनम वांगचुक पहले पूरी तरह स्वस्थ थे और जेल में आने के बाद ही उनकी तबीयत बिगड़ी है। समर्थकों ने प्रशासन से मांग की है कि उन्हें साफ पानी और उचित चिकित्सा सुविधा तुरंत उपलब्ध कराई जाए।
वहीं, जेल प्रशासन का कहना है कि सभी कैदियों को मानकों के अनुसार सुविधाएं दी जा रही हैं। अधिकारियों के मुताबिक, सोनम वांगचुक की तबीयत बिगड़ने की जानकारी मिलते ही मेडिकल टीम ने जांच की और जरूरी दवाइयां दी गईं। पानी की गुणवत्ता को लेकर भी जांच कराई जा रही है और यदि कोई कमी पाई जाती है तो तुरंत सुधार किया जाएगा।
इस मामले ने राजनीतिक और सामाजिक हलकों में भी हलचल मचा दी है। कई सामाजिक संगठनों और कार्यकर्ताओं ने इसे गंभीर मामला बताते हुए स्वतंत्र जांच की मांग की है। उनका कहना है कि किसी भी कैदी की सेहत के साथ समझौता नहीं किया जा सकता, खासकर तब जब वह एक सार्वजनिक जीवन से जुड़ा व्यक्ति हो।
गौरतलब है कि सोनम वांगचुक पर्यावरण संरक्षण, शिक्षा सुधार और लद्दाख से जुड़े मुद्दों को लेकर लंबे समय से सक्रिय रहे हैं। उनकी तबीयत को लेकर आई इस खबर ने एक बार फिर जेलों में बुनियादी सुविधाओं और स्वास्थ्य व्यवस्थाओं पर सवाल खड़े कर दिए हैं।