सेलिना के भाई विक्रांत जेटली की अबू धाबी में हिरासत पर सुनवाई, विदेश मंत्रालय को लीगल फर्म नियुक्त करने के निर्देश
मुंबई, 3 जनवरी (आईएएनएस)। बॉलीवुड अभिनेत्री सेलिना जेटली के भाई, रिटायर्ड मेजर विक्रांत जेटली, सितंबर 2024 से यूएई की हिरासत में हैं। पिछले कई महीनों से सेलिना अपने भाई से संपर्क नहीं कर पा रही थीं और उन्हें आशंका थी कि विक्रांत को उचित कानूनी सहायता और सुरक्षा नहीं मिल रही है। इस मामले को लेकर दिल्ली हाईकोर्ट ने मंगलवार को सुनवाई की और विदेश मंत्रालय को निर्देश दिए कि वे अबूधाबी स्थित खालिद अलमरी लॉ फर्म को मामले की जिम्मेदारी दें।
अदालत ने कहा कि यदि विदेश मंत्रालय को आदेश जारी करने या फर्म से संपर्क करने में कोई कठिनाई होती है, तो उसे इसके बारे में हलफनामे में सूचित करना होगा।
कोर्ट ने निर्देश दिया कि विदेशी हिरासत में रह रहे विक्रांत को प्रभावी कानूनी प्रतिनिधित्व मिले और उनकी सुरक्षा सुनिश्चित हो। विदेश मंत्रालय को स्थानीय लॉ फर्म के माध्यम से विक्रांत तक पहुंच बनाने के लिए तुरंत कदम उठाने होंगे।
अदालत ने इस मामले की अगली सुनवाई 10 फरवरी को निर्धारित की है।
यह मामला सेलिना जेटली और उनके परिवार के लिए लंबे समय से चिंता का विषय रहा है। सेलिना के भाई, मेजर (रिटायर्ड) विक्रांत कुमार जेटली 2016 से दुबई में रह रहे हैं, और सितंबर 2024 से वह एक राष्ट्रीय सुरक्षा मामले में हिरासत में हैं।
सेलिना ने बताया कि उनके भाई को बिना किसी कानूनी प्रतिनिधित्व या चिकित्सा सुविधा के रखा गया और पिछले 15 महीनों से उनसे कोई संपर्क नहीं हो पाया।
सेलिना जेटली ने अपनी याचिका में बताया कि विदेश मंत्रालय उनकी मदद करने में काफी समय से विफल रहा है। उन्होंने अदालत से अनुरोध किया कि उनके भाई को प्रभावी कानूनी सुविधा, बुनियादी सुविधा और कम्युनिकेशन मुहैया कराया जाए।
सेलिना जेटली का कहना है कि उनके भाई तक सही कानूनी मदद और संवाद की सुविधा होना बेहद जरूरी है ताकि वे अपने अधिकारों और सुरक्षा की जानकारी रख सकें।
दिल्ली हाईकोर्ट में इस मामले की अगली सुनवाई 10 फरवरी को होगी।
--आईएएनएस
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