सौरभ भारद्वाज के खिलाफ दाखिल आपराधिक अवमानना के मामले में प्रवेश वर्मा ने अपना बयान दर्ज कराया
नई दिल्ली, 4 जुलाई (आईएएनएस)। आप नेता सौरभ भारद्वाज के खिलाफ दाखिल आपराधिक अवमानना के मामले में दिल्ली सरकार के मंत्री और भाजपा नेता प्रवेश वर्मा ने राउज एवेन्यू कोर्ट में अपना बयान दर्ज कराया। इस मामले में 15 जुलाई को प्रवेश वर्मा की ओर से गवाहों के बयान दर्ज किए जाएंगे।
दिल्ली सरकार के मंत्री प्रवेश वर्मा ने अपने बयान में अदालत के सामने कहा कि मैं नई दिल्ली से विधायक हूं। वर्तमान सरकार में मंत्री हूं। मेरे पिता दिल्ली के मुख्ममंत्री रह चुके हैं। मेरा और मेरे परिवार का एक सम्मान है। मेरे खिलाफ कोई आपराधिक मामला नहीं है। सौरभ भारद्वाज जो आम आदमी पार्टी के दिल्ली अध्यक्ष हैं, उन्होंने सोशल मीडिया (एक्स, फेसबुक, इंस्टाग्राम) पर हमारे खिलाफ बेबुनियाद आरोप लगाए, जिससे हमारी प्रतिष्ठा को नुकसान हुआ। सौरभ भारद्वाज ने बयान के जरिए हमारे परिवार और हमारी इमेज को नुकसान पहुंचाया। मेरे साथियों और मेरी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने मुझे फोन कर बताया कि सौरभ भारद्वाज ने मेरी प्रतिष्ठा के खिलाफ बेबुनियाद आरोप लगाए हैं।
उन्होंने आगे कहा कि मेरा इन बातों से कोई लेना देना नहीं है। मेरी पार्टी, मेरे दोस्त और पार्टी कार्यकर्ताओं ने भी मुझसे इसकी सच्चाई पूछी और मुझे सफाई देनी पड़ी। उसके बाद मैंने सोशल मीडिया पर सौरभ भारद्वाज के पोस्ट को देखा।
15 मई 2026 को सौरभ भारद्वाज ने एक्स और वीडियो पोस्ट किया था। सौरभ भारद्वाज का एक्स और वीडियो 16 मई को दोबारा पोस्ट किया गया, साथ ही यूट्यूब और कई सोशल मीडिया वेबसाइट पर भी देखा गया। आज भी वो एक्स पोस्ट और वीडियो पब्लिक डोमेन में हैं, जिसे देश और विदेश में देखा जा सकता है, जिसकी वजह से हमारी इमेज लगातार डैमेज हो रही है। मैंने 16 मई को वकील और स्पीड पोस्ट के जरिए सौरभ भारद्वाज को लीगल नोटिस भेजा।
प्रवेश वर्मा ने कहा कि ये उस स्कूल का मामला है, जो मेरी पूर्व विधानसभा क्षेत्र में है, जहां पॉक्सो केस रजिस्टर हुआ तो सौरभ भारद्वाज मेरा नाम सामने लेकर आते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि आरोपी से राजनीतिक कनेक्शन जोड़ा और कहा कि ट्रस्ट से मेरा संबंध है, ट्रस्ट मेरा है और उस ट्रस्ट में एक मेंबर को मैंने अप्वाइंट कराया है, जबकि मेरा उस ट्रस्ट और स्कूल से कोई संबंध नहीं है। उस ट्रस्ट के मेंबर अमरदीप सिंह से मेरा कोई संबंध नहीं है।
उन्होंने आगे कहा कि मेरा इस स्कूल से कोई मतलब नहीं रहा, न ही मेरे परिवार का कोई सदस्य उससे जुड़ा है। मैं कभी भी ट्रस्ट मेंबर के अप्वाइंटमेंट में भी शामिल नहीं रहा।
सौरभ भारद्वाज ने एक और आरोप लगाया था कि प्रवेश वर्मा ने ट्रस्ट की फाइलें और रिकॉर्ड्स गायब करा दी हैं। प्रवेश वर्मा ने कहा कि लोग आज भी मुझसे इसके बारे मे पूछते हैं और इससे मेरी प्रतिष्ठा को काफी नुकसान हुआ। लीगल नोटिस देने के बाद भी सौरभ भारद्वाज की तरफ से न तो कोई जवाब आया और न ही कोई खेद जताया गया। उसने वीडियो और पोस्ट को भी डिलीट नहीं किया।
--आईएएनएस
डीकेपी/