☰
×

अग्निवीर योजना पर फैसला बदलकर सरकार ने गलती स्वीकारी, राहुल गांधी की बातें सही साबित हुईं: सचिन पायलट

 

जयपुर, 5 नवंबर (आईएएनएस)। अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (एआईसीसी) के महासचिव सचिन पायलट ने अग्निवीर योजना में किए गए बदलावों को लेकर केंद्र सरकार की आलोचना करते हुए दावा किया कि राहुल गांधी की चिंताएं सही साबित हो रही हैं। उन्होंने भाजपा और चुनाव आयोग पर लोकतांत्रिक संस्थाओं को कमजोर करने का आरोप लगाया। साथ ही, बेरोजगारी, किसानों के मुद्दों और पंजाब के नशा संकट को लेकर भाजपा पर निशाना साधा और केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू की टिप्पणियों के खिलाफ राहुल गांधी का बचाव किया।

कांग्रेस नेता सचिन पायलट ने गुरुवार को मीडिया से कहा, "सरकार ने अग्निवीर योजना को लेकर जो रोलबैक किया है, ऐसा हम पहले भी देख चुके हैं। राहुल गांधी ने जो बातें कही थीं, वे धीरे-धीरे सही साबित होती जा रही हैं। तीन कृषि कानून वापस लेने पड़े। पहले राहुल गांधी की बातों को लेकर उन्हें तरह-तरह के नाम दिए गए लेकिन बाद में सरकार को अपने फैसले बदलने पड़े। जनगणना के मुद्दे पर भी सरकार को अपना रुख बदलना पड़ा और अब अग्निवीर योजना को लेकर फैसला लिया गया है।"

सचिन पायलट ने कहा, "हम शुरू से कहते आ रहे थे कि यह योजना सही नहीं है। चार साल बाद जब युवा सेना से बाहर होंगे तो वे खुद को असुरक्षित और खोया हुआ महसूस करेंगे। पहले स्थायी भर्ती की व्यवस्था थी, फिर अग्निवीर योजना लाने की जरूरत क्यों पड़ी और अब ऐसा क्या बदल गया कि सरकार 25 प्रतिशत से बढ़ाकर करीब 75 प्रतिशत तक भर्ती को लेकर बदलाव कर रही है? कभी अमेरिका के साथ डील, कभी कानूनों में बदलाव और कभी अग्निवीर जैसे गंभीर विषयों पर सरकार को रोलबैक करना पड़ रहा है। किसान परेशान हैं, युवा बेरोजगारी से जूझ रहे हैं लेकिन सरकार गंभीर मुद्दों पर गंभीर नहीं है। आखिर किसके दबाव में सरकार ने यह फैसला लिया? राहुल गांधी शुरू से जो बातें कह रहे हैं, सरकार उन्हीं मुद्दों पर बैकफुट पर नजर आ रही है। जनता में गहरा असंतोष है।"

पंजाब में नशे और भाजपा के दावों पर सचिन पायलट ने कहा, "पेपर लीक और बेरोजगारी जैसे मुद्दों को लेकर जनता परेशान है। हम पंजाब में थे, वहां भी भारतीय जनता पार्टी ने कहा है कि पंजाब को नशामुक्त बनाएंगे। जब आप सत्ता में थे, तब आपने क्या किया? पिछले 12 साल से केंद्र में आपकी सरकार है। पाकिस्तान सीमा से विभिन्न माध्यमों से नशीले पदार्थ आ रहे हैं, उन्हें रोकने के लिए आपने क्या कदम उठाए? भाजपा ने 12 साल में पंजाब को क्या दिया? अगर कोई विशेष पैकेज दिया है तो बताएं। अब चुनाव नजदीक हैं तो भाजपा अपनी राजनीतिक जमीन तलाश रही है। भाजपा की उल्टी गिनती शुरू हो गई है। लोगों ने भाजपा को बहुत मौके दिए लेकिन हर बार निराशा ही हाथ लगी। चाहे राज्य सरकार हो या केंद्र सरकार, लोग भाजपा से उदास हो चुके हैं और बदलाव चाहते हैं।"

फॉर्म-6 में बदलाव और चुनाव आयोग को लेकर सचिन पायलट ने कहा, "फॉर्म-6 में जो बदलाव किया गया है, वह भी इसी बात का संकेत है कि सरकार और चुनाव आयोग अब अपने फैसलों में सुधार करने की कोशिश कर रहे हैं। ज्ञानेश कुमार सहित अन्य चुनाव आयुक्तों को लेकर विरोध हुआ। अब इस फैसले में बदलाव किया जा रहा है। इससे समझ आता है कि पहले जो निर्णय लिए गए, उनमें कहीं न कहीं गड़बड़ी थी। चाहे फॉर्म-6 का मामला हो या मतदाता सूची का, अब कोर्स करेक्शन किया जा रहा है। साढ़े 13 करोड़ लोगों के नाम काटे जाने की जिम्मेदारी किसकी थी? अब उन्हें समझ में आ रहा है कि जो किया गया, वह सही नहीं था। अब वे प्रायश्चित करने और सुधार करने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन बहुत देर हो चुकी है। जहां वोटों की चोरी हुई है, मतदाताओं के साथ खिलवाड़ हुआ है, वहां अब सुधार करने का क्या फायदा? ज्ञानेश कुमार ने पूरे चुनाव आयोग को एक निजी संस्थान बनाकर रख दिया है। संविधान ने नागरिकों को जो अधिकार दिए हैं, उनके साथ खिलवाड़ किया गया है।"

भाजपा की 'लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ' रैली पर उन्होंने कहा, "इससे बड़ा धोखा और क्या हो सकता है कि सत्ताधारी दल खुद रैली निकालकर प्रदर्शन कर रहा है। जो लोग अपनी नाक के नीचे वोट चोरी होने दे रहे हैं, वे लोकतंत्र बचाने की बात कर रहे हैं। जनता तय करे कि कौन उसके साथ है और कौन उसके विरोध में। वोट देने का अधिकार हर नागरिक को मिलना चाहिए और उसका संरक्षण होना चाहिए। भारत की पहचान उसकी लोकतांत्रिक संस्थाओं की मजबूती से रही है। आज यह देखकर अजीब लगता है कि भाजपा के मंत्री, मुख्यमंत्री और मोर्चे-रैलियां निकाल रहे हैं, जबकि इन्होंने संवैधानिक संस्थाओं को खोखला कर दिया है। जांच एजेंसियों का दुरुपयोग किया जा रहा है और अब ये लोकतंत्र बचाने का दावा कर रहे हैं। लोकतंत्र को बचाने के लिए हम लगातार संघर्ष कर रहे हैं। हमारी मांग है कि जनता को निष्पक्ष तरीके से वोट डालने का अधिकार मिले।"

पंजाब की राजनीति और आम आदमी पार्टी को लेकर सचिन पायलट ने कहा, "आम आदमी पार्टी पंजाब को डुबोने का काम कर रही है। उसके सांसद एनडीए में चले गए हैं और लोगों का विश्वास खत्म हो चुका है। पंजाब में कांग्रेस ने हरित क्रांति लाई थी और राज्य को विकास के रास्ते पर आगे बढ़ाया था लेकिन बाकी दलों ने पंजाब के साथ धोखा किया है। अब पंजाब की जनता अपना वोट खराब नहीं करेगी, बल्कि सही फैसला लेगी। तमाम विरोध और पुलिस के बल प्रयोग के बावजूद राहुल गांधी को सुनने के लिए बड़ी संख्या में लोग पहुंचे। इससे साफ है कि जनता में कांग्रेस और राहुल गांधी के प्रति समर्थन है।"

केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू के बयान पर सचिन पायलट ने कहा, "राहुल गांधी को सलाह देने के बजाय किरेन रिजिजू को अपनी सरकार और अपने नेतृत्व को सलाह देनी चाहिए कि उन्हें कौन-कौन से काम करने चाहिए। मैं समझता हूं कि यह समय सोशल मीडिया पर चर्चा करने का नहीं बल्कि आत्मचिंतन करने का है। देश को समझ आ रहा है कि लोगों की भावनाएं क्या हैं। युवा वर्ग की पीड़ा क्या है, उनके जख्मों पर मलहम लगाने की जरूरत है। सत्ता में रहकर घमंड करना और विपक्ष का मजाक उड़ाना ठीक नहीं है। राहुल गांधी ने जो बातें कही थीं, वे सब सच साबित हो रही हैं। उन्होंने जो भाषण दिया, उसमें भी देश के ज्वलंत मुद्दों को उठाया है।"

--आईएएनएस

ओपी/पीएम