राम मंदिर सुरक्षित हाथों में, राजनीतिक लाभ के लिए मुद्दा उछाल रहे विपक्षी : राकेश त्रिपाठी
लखनऊ, 31 जुलाई (आईएएनएस)। भाजपा प्रवक्ता राकेश त्रिपाठी ने राम मंदिर से जुड़े विवाद, समाजवादी पार्टी की राजनीति, हिंदू देवी-देवताओं पर कथित आपत्तिजनक टिप्पणियों समेत कई अन्य मुद्दों पर विपक्ष पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार राष्ट्रहित, छात्रहित और विकास के एजेंडे पर काम कर रही है, जबकि विपक्ष केवल राजनीतिक लाभ के लिए विवाद खड़ा करने का प्रयास कर रहा है।
राम मंदिर से जुड़े मामले पर राकेश त्रिपाठी ने कहा कि चंदे से संबंधित जिस भी घटना की चर्चा हो रही है, उसकी जांच उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा सर्वोच्च न्यायालय के निर्देश और ट्रस्ट के अनुरोध पर गठित विशेष जांच दल (एसआईटी) कर रही है। इस पूरे मामले पर सुप्रीम कोर्ट भी लगातार नजर बनाए हुए है। कुछ लोग राजनीतिक लाभ के उद्देश्य से इस मुद्दे को उछाल रहे हैं। वही लोग आज राम मंदिर की चिंता जता रहे हैं, जिन्होंने पहले मंदिर निर्माण में बाधाएं उत्पन्न करने का प्रयास किया था। भगवान राम का मंदिर रामभक्तों के हाथों में सुरक्षित है और उसकी चिंता करने के लिए रामभक्त पर्याप्त हैं।
समाजवादी पार्टी कार्यालय के बाहर लगे पोस्टरों पर भाजपा प्रवक्ता ने कहा कि सपा अब केवल पोस्टर और प्रचार की राजनीति तक सीमित रह गई है। उन्होंने दावा किया कि पार्टी के पास जनता के बीच जाने की ताकत और कार्यकर्ता नहीं बचे हैं। केवल पोस्टर लगाने से जनसमर्थन नहीं मिलता, बल्कि जनता के बीच जाकर उनकी समस्याओं को सुनने और उनके साथ संवाद स्थापित करने से विश्वास बनता है। लेकिन, समाजवादी पार्टी इस काम में पूरी तरह विफल रही है।
मौलाना जर्जिस द्वारा भगवान कृष्ण के बाद भगवान शिव पर कथित आपत्तिजनक टिप्पणी किए जाने के मुद्दे पर राकेश त्रिपाठी ने कड़ी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने आरोप लगाया कि वर्ष 2027 के विधानसभा चुनाव को ध्यान में रखते हुए प्रदेश का सांप्रदायिक माहौल बिगाड़ने की साजिश रची जा रही है। सावन जैसे पवित्र महीने में भगवान शिव पर इस प्रकार की टिप्पणी करना अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है। भाजपा प्रवक्ता ने मांग की कि संबंधित मौलाना के खिलाफ राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (एनएसए) के तहत कठोर कार्रवाई की जाए ताकि समाज में सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने की कोशिश करने वालों को सख्त संदेश मिल सके।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के जनसंपर्क अभियान और माफिया-विरोधी कार्रवाई का समर्थन करते हुए राकेश त्रिपाठी ने कहा कि सीएम योगी आज राष्ट्रीय स्तर पर स्वीकार्य नेता बन चुके हैं और विभिन्न राज्यों में भी चुनाव प्रचार के लिए आमंत्रित किए जाते हैं। गाजीपुर जैसे क्षेत्रों में, जहां कभी माफियाओं का प्रभाव माना जाता था, आज विकास की नई तस्वीर दिखाई दे रही है। योगी सरकार ने माफिया राज समाप्त कर विकास और सुशासन का मॉडल स्थापित किया है।
उन्होंने कहा कि योगी आदित्यनाथ पूर्णकालिक जननेता हैं, जो सुबह से देर रात तक प्रशासनिक जिम्मेदारियों के साथ-साथ जनता से सीधा संवाद भी करते हैं। उन्होने नोएडा से जुड़ी राजनीतिक मान्यताओं को भी तोड़ा और प्रदेश के हर क्षेत्र में जाकर विकास परियोजनाओं का उद्घाटन एवं शिलान्यास किया।
लोकसभा में प्रियंका गांधी वाड्रा की टिप्पणी पर 200 से अधिक शिक्षाविदों द्वारा जताई गई आपत्ति पर राकेश त्रिपाठी ने कहा कि उन्होंने धार्मिक तुष्टीकरण की राजनीति के तहत ऐसी टिप्पणी की और आईआईटी मद्रास के निदेशक बी. कामाकोटी जैसे प्रतिष्ठित वैज्ञानिक और शिक्षाविद का अपमान किया। शिक्षाविदों द्वारा लिखित रूप में जताई गई आपत्ति इस बात का प्रमाण है कि समाज का बौद्धिक वर्ग भी इस बयान से सहमत नहीं है। यह मामला कांग्रेस पार्टी को राजनीतिक रूप से नुकसान पहुंचा सकता है।
एंटी-पेपर लीक बिल का स्वागत करते हुए उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने छात्रों से किया गया अपना वादा निभाया है। उन्होंने कहा कि सरकार ने स्पष्ट संदेश दिया है कि छात्रों के भविष्य से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा। नए कानून के लागू होने के बाद पेपर लीक कराने वाले संगठित गिरोहों और माफियाओं पर कठोर कार्रवाई होगी। फास्ट ट्रैक कोर्ट के माध्यम से ऐसे मामलों का शीघ्र निस्तारण और दोषियों को जल्द सजा दिलाने का प्रावधान किया गया है। भाजपा प्रवक्ता ने इसे छात्रों के हितों की रक्षा और परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता सुनिश्चित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया।
--आईएएनएस
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