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पुरी रथ यात्रा 2026 : साइबर ठगी से बचाने के लिए सीआईडी-सीबी का विशेष जागरूकता अभियान शुरू

 

भुवनेश्वर, 11 जुलाई (आईएएनएस)। 'पुरी रथ यात्रा-2026' के मद्देनजर ओडिशा पुलिस की अपराध जांच शाखा (सीआईडी-सीबी) ने व्यापक साइबर सुरक्षा जागरूकता अभियान शुरू करने की घोषणा की है। इस वर्ष रथ यात्रा के दौरान देश-विदेश से लाखों श्रद्धालुओं और पर्यटकों के पुरी पहुंचने की संभावना है।

ऐसे में ऑनलाइन होटल बुकिंग, फर्जी वेबसाइटों और डिजिटल भुगतान से जुड़ी साइबर ठगी की आशंकाओं को देखते हुए पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने का फैसला किया है।

ओडिशा के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) के निर्देश पर शुरू किए जा रहे इस अभियान का मुख्य उद्देश्य श्रद्धालुओं और पर्यटकों को साइबर अपराधों के प्रति जागरूक करना, सुरक्षित ऑनलाइन व्यवहार को बढ़ावा देना और किसी भी साइबर घटना पर त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करना है। पुलिस का कहना है कि जागरूकता ही साइबर अपराधों से बचाव का सबसे प्रभावी माध्यम है।

अभियान के तहत शनिवार की शाम पुरी में एक विशेष 'साइबर रथ' को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया। यह जागरूकता वाहन शहर के प्रमुख क्षेत्रों में भ्रमण करेगा और साइबर सुरक्षा संबंधी संदेशों, ऑडियो-विजुअल सामग्री तथा सूचना पुस्तिकाओं के माध्यम से श्रद्धालुओं, पर्यटकों, होटल संचालकों, स्थानीय नागरिकों और अन्य संबंधित लोगों को ऑनलाइन धोखाधड़ी से बचने के उपाय बताएगा।

विशेष रूप से नकली होटल बुकिंग वेबसाइटों, फर्जी भुगतान लिंक और साइबर ठगों की नई रणनीतियों के बारे में लोगों को सतर्क किया जाएगा।

इसी कड़ी में होटल उद्योग के साथ बेहतर समन्वय स्थापित करने के उद्देश्य से 11 जुलाई को शाम 6 बजे पुरी रिजर्व पुलिस लाइन में पुरी होटल ओनर्स एसोसिएशन के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई।

बैठक में होटल संचालकों से अपील की जाएगी कि वे अपने ग्राहकों और श्रद्धालुओं तक आधिकारिक बुकिंग माध्यमों और साइबर सुरक्षा संबंधी आवश्यक सलाह सक्रिय रूप से पहुंचाएं, ताकि फर्जी वेबसाइटों और ऑनलाइन धोखाधड़ी पर प्रभावी रोक लगाई जा सके।

सीआईडी-सीबी की सोशल मीडिया यूनिट भी रथ यात्रा से जुड़ी साइबर गतिविधियों पर लगातार निगरानी रख रही है। वर्ष 2026 में अब तक टीम ने 212 नकली होटल वेबसाइटों और 26 फर्जी होटल वेबपेजों की पहचान कर उन्हें ब्लॉक कराया है। इनमें से केवल जून 2026 के दौरान ही 50 नकली होटल वेबसाइटों और 26 फर्जी वेबपेजों पर कार्रवाई की गई।

--आईएएनएस

एससीएच/एबीएम