पंजाब में अकाली दल से गठबंधन पर हरदीप पुरी बोले-अगर हुआ तो बराबरी के आधार पर होगा
अमृतसर, 19 सितंबर (आईएएनएस)। केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी शनिवार को अमृतसर पहुंचे और सचखंड श्री हरमंदिर साहिब में नतमस्तक होकर वाहेगुरु का शुक्राना किया। इसके बाद उन्होंने पत्रकारों से बातचीत की और रोजगार मेले, देश की अर्थव्यवस्था, ऊर्जा क्षेत्र, ई20 ईंधन, पंजाब में नशे की समस्या तथा अकाली दल-भाजपा के संभावित गठजोड़ समेत विभिन्न मुद्दों पर अपनी बात रखी।
केंद्रीय मंत्री रोजगार मेले में शामिल होने के लिए गुरु नगरी पहुंचे। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मौजूदगी में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए आयोजित रोजगार मेले के 20वें संस्करण में हिस्सा लिया।
पुरी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर भी रोजगार मेले को लेकर जानकारी साझा की। देशभर में 45 स्थानों पर 51 हजार अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र सौंपे गए। उन्होंने कहा कि विकसित भारत की यात्रा में देश के युवा केवल बदलाव के गवाह नहीं हैं, बल्कि अपने विचारों, आकांक्षाओं और दृढ़ संकल्प के माध्यम से इस यात्रा को आगे बढ़ा रहे हैं।
हरदीप सिंह पुरी ने कहा कि आज सरकारी सेवा में प्रवेश कर रहे युवा ऐसे समय में अपनी जिम्मेदारी संभाल रहे हैं, जब तकनीक तेजी से शासन के तौर-तरीकों को बदल रही है। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस कार्यस्थलों में बदलाव ला रही है और डिजिटल प्लेटफॉर्म सरकार और नागरिकों के बीच की दूरी कम कर रहे हैं।
उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संदेश 'नागरिक देवो भव:' का उल्लेख करते हुए कहा कि तकनीक चाहे जितनी महत्वपूर्ण हो, वह ईमानदारी और संवेदनशीलता की जगह नहीं ले सकती। सरकारी सेवा में व्यक्ति और उसकी समस्या को प्राथमिकता मिलनी चाहिए।
पुरी ने देश की अर्थव्यवस्था को लेकर कहा कि 2014 की तुलना में आज भारत की स्थिति में बड़ा बदलाव आया है। अपनी एक्स पोस्ट में उन्होंने दावा किया कि भारत की अर्थव्यवस्था 4.1 ट्रिलियन डॉलर की है, जीडीपी ग्रोथ 7.8 प्रतिशत है और निर्यात 860 अरब डॉलर तक पहुंच गया है।
उन्होंने यह भी कहा कि देश में 2.23 लाख से ज्यादा मान्यता प्राप्त स्टार्टअप हैं, जिनसे 23 लाख से अधिक प्रत्यक्ष रोजगार पैदा हुए हैं। उनके मुताबिक स्टार्टअप इकोसिस्टम, मैन्युफैक्चरिंग, डिजिटल सर्विसेज, इलेक्ट्रॉनिक्स, उभरती तकनीक और ऊर्जा क्षेत्र युवाओं के लिए नए अवसर पैदा कर रहे हैं। मुक्त व्यापार समझौतों से भी नए बाजार और रोजगार के अवसर खुल रहे हैं।
पत्रकारों से बातचीत के दौरान केंद्रीय मंत्री ने वैश्विक ऊर्जा बाजार की स्थिति का जिक्र करते हुए कहा कि दुनियाभर में ऊर्जा क्षेत्र में उथल-पुथल के बावजूद भारत में ईंधन की आपूर्ति निर्बाध बनी हुई है। उन्होंने कहा कि देश में करीब 1 लाख 7 हजार फ्यूल रिटेल आउटलेट हैं और पेट्रोल पंपों पर लंबी कतारों जैसी स्थिति नहीं है।
उन्होंने विपक्ष पर इस मुद्दे को लेकर भ्रम फैलाने का आरोप लगाया। पुरी ने कहा कि केंद्र सरकार ने समय-समय पर ऐसे कदम उठाए हैं, जिससे आम लोगों पर अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमतों की बढ़ोतरी का असर कम से कम पड़े।
उन्होंने पेट्रोल और डीजल की कीमतों का जिक्र करते हुए कहा कि सरकार ने 2021, 2022 और इस साल एक्साइज ड्यूटी में कटौती जैसे कदम उठाए हैं। उनका दावा है कि वैश्विक स्तर पर ऊर्जा कीमतों में बढ़ोतरी के बावजूद भारत के उपभोक्ताओं को राहत देने की कोशिश की गई है।
हरदीप सिंह पुरी ने कहा कि मौजूदा भू-राजनीतिक संकटों के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ऊर्जा कूटनीति ने देश के लिए किफायती और निर्बाध ऊर्जा आपूर्ति सुनिश्चित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
ई20 ईंधन को लेकर विपक्ष की ओर से उठाए जा रहे सवालों पर भी हरदीप सिंह पुरी ने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि ई20 की शुरुआत 2023 में हुई थी, लेकिन आम आदमी पार्टी और अन्य विपक्षी दल अब इस मुद्दे को लेकर सवाल उठा रहे हैं। उन्होंने विपक्ष के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि इस मामले में भ्रामक बातें की जा रही हैं।
ऊर्जा क्षेत्र के भविष्य को लेकर पुरी ने कहा कि भारत पारंपरिक ऊर्जा ढांचे को मजबूत करने के साथ नए ऊर्जा स्रोतों की दिशा में भी काम कर रहा है। उन्होंने समुद्र मंथन मिशन के जरिए ऑफशोर क्षमता के इस्तेमाल और गोबरधन योजना के माध्यम से कचरे को स्वच्छ ऊर्जा एवं आजीविका में बदलने का भी जिक्र किया।
पंजाब में नशे की समस्या पर हरदीप सिंह पुरी ने आम आदमी पार्टी सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि नशे के कारण युवा पीढ़ी प्रभावित हो रही है। उन्होंने सवाल किया कि सरकार ने पंजाब से नशा खत्म करने का वादा किया था, लेकिन क्या आज वास्तव में नशा खत्म हो गया है?
पुरी ने कहा कि नशे के खिलाफ कार्रवाई केवल पंजाब तक सीमित मुद्दा नहीं है और गुजरात में भी इसको लेकर कार्रवाई की जा रही है। साथ ही उन्होंने माना कि पंजाब में अकाली दल और भाजपा गठबंधन की सरकार के दौरान भी नशे की समस्या मौजूद थी।
शिरोमणि अकाली दल और भाजपा के संभावित गठजोड़ को लेकर पूछे गए सवाल पर हरदीप सिंह पुरी ने कहा कि इस संबंध में अंतिम फैसला पार्टी हाईकमान को करना है, हालांकि उन्होंने संकेत दिया कि भविष्य में यदि गठजोड़ होता है तो उसकी शर्तें पहले जैसी नहीं होंगी।
पुरी ने कहा कि पहले भाजपा कम सीटों पर चुनाव लड़ती थी और 22 सीटों वाली व्यवस्था थी, लेकिन अब ऐसा नहीं होगा। उन्होंने कहा कि अगर गठजोड़ होता है तो परिस्थितियां बदलेंगी और जो भी फैसला होगा, वह बराबरी के आधार पर होगा।
वहीं, रवनीत सिंह बिट्टू से संबंधित सवाल पर केंद्रीय मंत्री ने कहा कि उन्हें इस बारे में जानकारी नहीं है और वह अमृतसर रोजगार मेले में हिस्सा लेने के लिए आए हैं।
--आईएएनएस
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