दिल्ली में SIR के खिलाफ प्रदर्शन, CEC ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग; चुनाव आयोग कार्यालय की ओर मार्च
दिल्ली के गुरुद्वारा बंगला साहिब के पास शुक्रवार, 23 अक्टूबर को मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के खिलाफ प्रदर्शन किया गया। प्रदर्शनकारियों ने मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे, SIR प्रक्रिया को वापस लेने और मतदाता सूची से कथित तौर पर हटाए गए लोगों के मतदान अधिकार बहाल करने की मांग उठाई। प्रदर्शन का आह्वान ‘People Against SIR’ और संयुक्त किसान मोर्चा (SKM) सहित विभिन्न संगठनों ने किया था।
चुनाव आयोग कार्यालय की ओर मार्च का आह्वान
प्रदर्शनकारियों को दोपहर करीब एक बजे गुरुद्वारा बंगला साहिब, गोल डाकखाना और गोल मार्केट के आसपास एकत्र होकर भारतीय निर्वाचन आयोग के कार्यालय की ओर मार्च करना था। आयोजकों ने किसानों, छात्रों, युवाओं, मजदूरों और नागरिक अधिकार कार्यकर्ताओं से प्रदर्शन में शामिल होने की अपील की थी।
SIR रद्द करने की मांग
प्रदर्शनकारी SIR प्रक्रिया पर सवाल उठाते हुए इसे वापस लेने की मांग कर रहे हैं। आयोजकों का दावा है कि मतदाता सूची से बड़ी संख्या में लोगों के नाम हटाए गए हैं। संयुक्त किसान मोर्चा ने कथित तौर पर सूची से हटाए गए 13.41 करोड़ लोगों के मतदान अधिकार बहाल करने की मांग भी उठाई है। इन आंकड़ों और आरोपों को स्वतंत्र रूप से सत्यापित तथ्यों के बजाय आयोजकों के दावों के रूप में देखा जाना चाहिए।
ज्ञानेश कुमार के खिलाफ कार्रवाई की मांग
प्रदर्शनकारियों ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को पद से हटाने और उनके खिलाफ कार्रवाई की मांग की। संगठनों ने चुनाव आयुक्तों की नियुक्ति से संबंधित कानून में बदलाव और व्यापक चुनावी सुधारों की भी मांग उठाई।
प्रदर्शन के दौरान पुलिस की सुरक्षा व्यवस्था और मार्च को लेकर प्रशासनिक कार्रवाई पर भी नजर रही। हालांकि, प्रदर्शनकारियों की कुल संख्या और हिरासत में लिए गए लोगों के बारे में अंतिम आधिकारिक आंकड़ों की पुष्टि आवश्यक है।