'प्रधानमंत्री आवास योजना ने पक्के घरों का सपना किया साकार', लाभार्थियों ने जताया आभार
जम्मू, 27 अक्टूबर (आईएएनएस)। केंद्र सरकार की लाभकारी प्रधानमंत्री आवास योजना गरीबों के पक्के मकान पाने के सपनों को साकार कर रही है। जम्मू में भारत-पाकिस्तान अंतरराष्ट्रीय सीमा के पास रहने वाले ग्रामीणों ने प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ मिलने के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आभार जताया है।
लाभार्थियों ने बताया कि इस योजना से उनके परिवारों को अपना घर बनाने में मदद मिली है, जिससे उन्हें काफी राहत मिली है। उन्होंने इसे एक ऐतिहासिक पहल बताते हुए कहा कि उनके लिए सिर पर अपनी छत होना एक बड़ी उपलब्धि है।
उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी को धन्यवाद देते हुए कहा कि अगर यह योजना न होती, तो शायद वे अपना पक्का घर होने का सपना कभी पूरा नहीं कर पाते।
कुछ लाभार्थियों ने आईएएनएस से बातचीत की और सरकार को धन्यवाद भी कहा। लाभार्थी निशा देवी ने कहा कि हमें बहुत फायदा हुआ है। पीएम मोदी ने सभी को घर बनाने का साधन दिया है। हम चाहते हैं कि सभी को ऐसा लाभ मिले। जो लोग पहले कच्चे घरों में रहते थे, जहां बिस्तर और कपड़ों जैसी बुनियादी चीजें भी अक्सर बारिश में भीग जाती थीं या खराब हो जाती थीं, वे सभी इस मदद के हकदार हैं।
उन्होंने कहा कि पीएम मोदी की सरकार ने लाभ दिलाया है। बरसात के दिनों में कच्चे घरों में डर लगता था। आज बहुत खुशी हो रही है कि पक्के मकान में परिवार के साथ रह रहे हैं। इस योजना का लाभ सभी को मिलना चाहिए।
चंचला देवी ने कहा कि मैं इस योजना को शुरू करने के लिए प्रधानमंत्री मोदी का तहेदिल से शुक्रिया अदा करना चाहती हूं। यह एक बहुत ही बेहतरीन पहल है। पहले हमारे घर कच्चे और अस्थायी हुआ करते थे, रात में जब भी बारिश होती थी, तो हमेशा यही डर बना रहता था कि कहीं घर गिर न जाए और हमारी जान खतरे में न पड़ जाए। हमारे कपड़े भीग जाते थे और टपकते पानी को रोकने के लिए हमें अपने सारे बर्तन फर्श पर रखने पड़ते थे। आज हम सच में बहुत खुश हैं।
प्रिया ने कहा कि पहले हम एक कच्चे मकान में रहते थे, लेकिन केंद्र सरकार की योजना की बदौलत अब हमारे पास एक पक्का और मजबूत घर है। कच्चे मकान में रहने के दौरान, जब भी बारिश होती थी, तो हमें हमेशा यही चिंता सताती थी कि कहीं घर या उसका कोई हिस्सा गिर न पड़े। हम हमेशा डर के साए में जीते थे। अब बारिश होने पर भी हम अपने घर में पूरी निश्चिंतता के साथ रह सकते हैं। अब हम बिना किसी चिंता के अपने घर में रह सकते हैं।
--आईएएनएस
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