NTA ने आंसर की चैलेंज फीस पर दी सफाई, वीडियो में बोली- आपत्ति सही निकली तो 200 रुपये होंगे वापस; UGC-NET की रद्द परीक्षाएं सितंबर में
नेशनल टेस्टिंग एजेंसी यानी NTA ने परीक्षा के बाद जारी होने वाली आंसर की को चैलेंज करने की फीस को लेकर गुरुवार को सफाई दी। एजेंसी ने कहा कि यदि किसी उम्मीदवार को आंसर की में किसी सवाल का जवाब गलत लगता है तो वह उस सवाल पर आपत्ति दर्ज करा सकता है। इसके लिए प्रति सवाल 200 रुपये फीस निर्धारित की गई है। NTA ने स्पष्ट किया कि यह शुल्क छात्रों से कमाई करने के उद्देश्य से नहीं लिया जाता, बल्कि बेवजह और बिना आधार वाली आपत्तियों को रोकने के लिए रखा गया है। NTA के मुताबिक, यदि उम्मीदवार की आपत्ति सही पाई जाती है तो उसकी फीस वापस कर दी जाएगी। इसके अलावा आपत्ति के आधार पर आंसर की में सुधार किया जा सकता है, जिससे लाखों उम्मीदवारों के परिणाम सही तरीके से तैयार किए जा सकें।
बेवजह की आपत्तियां रोकने के लिए फीस
एजेंसी ने बताया कि बड़ी परीक्षाओं में बड़ी संख्या में उम्मीदवार आंसर की पर आपत्तियां दर्ज कराते हैं। कई बार बिना पर्याप्त आधार के भी सवालों को चुनौती दी जाती है। ऐसे में प्रति सवाल शुल्क रखने का उद्देश्य केवल गंभीर और वास्तविक आपत्तियों को सामने लाना है।NTA ने साफ किया कि यदि किसी छात्र को वास्तव में लगता है कि आंसर की में गलत उत्तर दिया गया है और वह प्रमाण के साथ अपनी आपत्ति दर्ज कराता है, तो उसे आर्थिक नुकसान नहीं होगा। आपत्ति सही पाए जाने पर निर्धारित शुल्क वापस किया जाएगा।
16 अगस्त को जारी हुई थी UGC-NET की आंसर की
NTA ने 16 अगस्त को UGC-NET के 84 विषयों की आंसर की जारी की थी। इसके बाद उम्मीदवारों को सवालों के जवाबों पर आपत्ति दर्ज कराने का अवसर दिया गया। हालांकि, इसी दिन एजेंसी ने अंग्रेजी, कॉमर्स और सोशियोलॉजी विषयों की परीक्षाओं को रद्द करने की घोषणा भी की थी।NTA ने बताया कि इन तीनों विषयों के प्रश्नपत्रों में स्पेलिंग और प्रिंटिंग से जुड़ी गलतियां पाई गई थीं। इसके अलावा प्रश्नपत्रों में ऐसे सवाल भी दोहराए गए थे, जो पहले परीक्षाओं में पूछे जा चुके थे।
गलतियों के कारण दोबारा होगी परीक्षा
NTA के मुताबिक, आंसर की जारी होने के बाद छात्रों ने प्रश्नपत्रों में मौजूद गड़बड़ियों की ओर ध्यान दिलाया था। एजेंसी ने माना कि इन समस्याओं को केवल कुछ सवाल हटाकर ठीक नहीं किया जा सकता था। इसी वजह से अंग्रेजी, कॉमर्स और सोशियोलॉजी विषयों की परीक्षा दोबारा कराने का फैसला लिया गया।अब इन तीनों विषयों की परीक्षाएं 9 और 10 सितंबर को आयोजित की जाएंगी। उम्मीदवारों को परीक्षा से जुड़ी आगे की जानकारी NTA की ओर से जारी आधिकारिक नोटिस के माध्यम से दी जाएगी।
22 से 30 जून तक हुआ था UGC-NET
इससे पहले NTA ने UGC-NET परीक्षा का आयोजन 22 से 30 जून के बीच कराया था। परीक्षा के बाद आंसर की जारी की गई, जिसके आधार पर उम्मीदवारों को अपने उत्तरों का मिलान करने और किसी गलती की स्थिति में आपत्ति दर्ज कराने का मौका दिया गया।
NTA की ओर से आंसर की चैलेंज फीस को लेकर दी गई सफाई ऐसे समय आई है, जब परीक्षाओं में पारदर्शिता और छात्रों की शिकायतों को लेकर लगातार सवाल उठ रहे हैं। एजेंसी का कहना है कि आपत्ति दर्ज कराने की व्यवस्था का उद्देश्य उम्मीदवारों को गलत उत्तरों को चुनौती देने का अवसर देना है, जबकि शुल्क व्यवस्था का मकसद अनावश्यक आपत्तियों को सीमित करना है।