नवंबर आते ही ताजा हो जाते हैं 1984 के जख्म, कांग्रेस नेता स्वर्ण मंदिर जाकर मांगें माफी: भाजपा
हैदराबाद, 3 नवंबर (आईएएनएस)। भारतीय जनता पार्टी के नेता मनमीत सिंह ने 1984 के सिख दंगों को याद करते हुए कांग्रेस नेताओं जगदीश टाइटलर और कमलनाथ से स्वर्ण मंदिर जाकर माफी मांगने की अपील की। उन्होंने कहा कि नवंबर आते ही उन दर्दनाक यादों के जख्म फिर ताजा हो जाते हैं। उन्होंने खेलो इंडिया के नाम पर भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए रेवंत रेड्डी सरकार पर निशाना साधा और दावा किया कि भाजपा तेलंगाना में 2028 का चुनाव अकेले लड़ेगी और अपना मुख्यमंत्री बनाएगी।
भाजपा नेता मनमीत सिंह ने कहा, "1984 में इंदिरा गांधी की हत्या के बाद जो दंगे हुए थे, उनमें सिखों के परिवार के परिवार खत्म कर दिए गए थे। लोगों के गले में टायर डालकर उन्हें जला दिया गया था। सज्जन कुमार, जगदीश टाइटलर और अन्य लोग, जिन्होंने उस समय इंदिरा गांधी का साथ दिया था, उन्हें बड़े-बड़े पदों पर बैठाया गया था।"
उन्होंने कहा कि आज सज्जन कुमार तो नहीं रहे, लेकिन जगदीश टाइटलर और कमलनाथ से कहना चाहते हैं कि आप लोगों ने जो किया है, उसके लिए स्वर्ण मंदिर में जाकर माफी मांगिए। अपना माथा टेकिए, ताकि सिख समुदाय के दिल को थोड़ी शांति मिले। आज भले ही कई साल बीत गए हों, लेकिन नवंबर आते ही 1984 की यादें ताजा हो जाती हैं।
भाजपा नेता ने कहा कि जिन सिख परिवारों ने अपने परिजनों को खोया था, उनकी आंखों से आज भी आंसू नहीं रुकते। अगर आप प्रेस में आकर यह बयान दें कि राजनीति के चक्कर में आपसे गलती हुई थी और सिखों के साथ अन्याय हुआ था तो शायद लोग आपको माफ कर दें और उस दर्द को भूलने की कोशिश करें।
मनमीत सिंह ने कहा कि जहां तक खेलो इंडिया कार्यक्रम की बात है, सरकार कह रही है कि वह विश्वस्तरीय आधारभूत ढांचा तैयार करेगी। इसमें तेलंगाना का नाम भी होगा, लेकिन सवाल यह है कि जब सरकार बार-बार कहती है कि उसके पास फंड नहीं हैं और बैंक ऋण भी नहीं मिल रहा तो विश्वस्तरीय इंफ्रास्ट्रक्चर कैसे तैयार होगा? विश्वस्तरीय इंफ्रास्ट्रक्चर बनाने के लिए रेवंत रेड्डी ने और एक प्लान बना लिया है। जैसे वाईएसआर के समय में जब एआईसीसी हुआ था, वहां पर करोड़ों की धांधली हुई थी।
उन्होंने कहा कि रेवंत रेड्डी खेलो इंडिया के नाम पर कितने करोड़ का भ्रष्टाचार करवाएंगे, पता नहीं, लेकिन लोगों को देने के लिए इनके पास पैसा नहीं है। कुछ समय पहले ठेकेदारों ने सचिवालय के बाहर धरना दिया था कि उनके बिलों का भुगतान नहीं किया जा रहा है। लोगों की तनख्वाह समय पर नहीं मिल रही है, किसानों की कर्जमाफी पूरी नहीं हुई है और सरकार की कई गारंटियां अधूरी पड़ी हैं। इसके बावजूद खेलो इंडिया और अन्य बड़े कार्यक्रमों पर जोर दिया जा रहा है।
भाजपा नेता ने कहा कि मिस यूनिवर्स आयोजन के दौरान भी कई तरह के आरोप लगे थे। अब खेलो इंडिया में क्या होगा, यह देखना बाकी है। हम रेवंत रेड्डी से कहना चाहते हैं कि खेलो इंडिया कार्यक्रम जरूर कराइए, लेकिन बिना किसी भ्रष्टाचार के कराइए।
एक अन्य सवाल का जवाब देते हुए मनमीत सिंह ने कहा कि बीआरएस और कांग्रेस के बीच गठजोड़ जैसा माहौल दिखाई देता है। बीआरएस ने दस साल में जो भ्रष्टाचार किया, कांग्रेस ने उस पर आरोप तो लगाए, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। फॉर्मूला-ई रेस मामले में भी कार्रवाई आगे नहीं बढ़ी। फोन टैपिंग मामले में भी कोई बड़ा कदम नहीं उठाया गया। हर तीन-चार महीने में केवल बयान जारी कर दिए जाते हैं।
उन्होंने कहा कि बीआरएस और कांग्रेस एक-दूसरे पर आरोप लगाती हैं, लेकिन कार्रवाई के नाम पर कुछ नहीं होता। जनता यह सब देख रही है और दोनों सरकारों के कार्यकाल को भी देख चुकी है। भाजपा 2028 का चुनाव अकेले लड़ने वाली है। तेलंगाना में किसी पार्टी के साथ गठबंधन नहीं होगा। भाजपा अपने दम पर चुनाव लड़ेगी और भाजपा का मुख्यमंत्री बनेगा।
भारतीय जनता युवा मोर्चा (बीजेवाईएम) के तेलंगाना प्रदेश अध्यक्ष गणेश कुंडे ने कहा कि मैं रेवंत रेड्डी और बीआरएस, दोनों से पूछना चाहता हूं कि कांग्रेस ने कालेश्वरम परियोजना में भ्रष्टाचार के आरोप लगाए थे। आज तक किसी को गिरफ्तार क्यों नहीं किया गया? अगर भ्रष्टाचार हुआ था तो कार्रवाई कहां है? इससे लोगों के मन में सवाल उठ रहे हैं कि आखिर कांग्रेस और बीआरएस के रिश्ते क्या हैं। तेलंगाना में दोनों सार्वजनिक रूप से एक-दूसरे का विरोध करती हैं, लेकिन कई मामलों में कार्रवाई नहीं होती।
उन्होंने कहा कि अगर वास्तव में राजनीतिक इच्छाशक्ति है, तो जिन मुद्दों पर आरोप लगाए गए हैं, उन पर तुरंत कार्रवाई होनी चाहिए। केवल बयानबाजी से काम नहीं चलेगा। जनता अब सब समझ चुकी है और उसे अब केवल आरोप नहीं, बल्कि परिणाम चाहिए।
--आईएएनएस
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