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देशभर में मानसून का कहर: उत्तराखंड में चारधाम यात्रा 2 दिन के लिए स्थगित, वीडियो में जाने राजस्थान-गुजरात समेत कई राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट

 

देशभर में मानसून का असर लगातार बढ़ता जा रहा है। कई राज्यों में मूसलाधार बारिश से जनजीवन प्रभावित हुआ है। भारी बारिश, बाढ़ और भूस्खलन की घटनाओं को देखते हुए प्रशासन ने कई स्थानों पर एहतियाती कदम उठाए हैं। भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने अगले 4 से 5 दिनों तक उत्तर-पश्चिम, मध्य और पूर्वी भारत के कई हिस्सों में भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी जारी की है।

उत्तराखंड में चारधाम यात्रा दो दिन के लिए रोकी गई

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उत्तराखंड में लगातार हो रही बारिश और कई जगहों पर हुए भूस्खलन (लैंडस्लाइड) के बाद प्रशासन ने चारधाम यात्रा को दो दिनों के लिए स्थगित कर दिया है। यात्रियों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए उन्हें सुरक्षित स्थानों पर रोका गया है।वहीं, खराब मौसम को देखते हुए चंपावत, बागेश्वर और टिहरी जिलों में 12वीं कक्षा तक के सभी स्कूलों और आंगनबाड़ी केंद्रों में अवकाश घोषित किया गया है। प्रशासन ने लोगों से अनावश्यक यात्रा से बचने और मौसम विभाग की सलाह का पालन करने की अपील की है।

राजस्थान के 22 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट

राजस्थान में भी मानसून पूरी तरह सक्रिय है। धौलपुर में तेज बारिश के कारण बाजारों और निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति बन गई, जिससे लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा।मौसम विभाग ने राज्य के 22 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। प्रशासन ने संवेदनशील क्षेत्रों में निगरानी बढ़ा दी है और लोगों को नदी-नालों व जलभराव वाले इलाकों से दूर रहने की सलाह दी है।

गुजरात में बारिश से उद्योग प्रभावित

गुजरात में लगातार हो रही भारी बारिश और बाढ़ का असर औद्योगिक गतिविधियों पर भी पड़ा है। टाटा मोटर्स के साणंद प्लांट और उसके आसपास स्थित कई ऑटोमोबाइल सप्लायर कंपनियों की इकाइयों का संचालन अस्थायी रूप से बंद करना पड़ा है। जलभराव और खराब मौसम के कारण उत्पादन प्रभावित होने की खबर है।

छत्तीसगढ़ में आकाशीय बिजली का कहर

छत्तीसगढ़ में बारिश के बीच आकाशीय बिजली गिरने की तीन अलग-अलग घटनाओं में 5 लोगों की मौत हो गई, जबकि 11 लोग घायल हुए हैं। घायलों का विभिन्न अस्पतालों में इलाज चल रहा है। मौसम विभाग ने राज्य में अगले दो दिनों तक भारी बारिश और बिजली गिरने की आशंका जताते हुए लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है।

दो मौसम प्रणालियों से बढ़ा बारिश का असर

मौसम विभाग के अनुसार, इस समय देश के ऊपर दो सक्रिय मौसम प्रणालियां बनी हुई हैं। बंगाल की खाड़ी में बना कम दबाव का क्षेत्र ओडिशा, झारखंड और छत्तीसगढ़ से होते हुए आगे बढ़ रहा है, जिससे व्यापक स्तर पर बारिश हो रही है।IMD का कहना है कि इन मौसम प्रणालियों के प्रभाव से उत्तर-पश्चिम और मध्य भारत में सामान्य से अधिक तथा पूर्वी भारत में भारी से बहुत भारी बारिश होने की संभावना है। कई राज्यों में फ्लैश फ्लड, जलभराव और भूस्खलन जैसी स्थितियां भी उत्पन्न हो सकती हैं।

लोगों से सतर्क रहने की अपील

मौसम विभाग और राज्य सरकारों ने नागरिकों से खराब मौसम के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचने, नदी-नालों और जलभराव वाले क्षेत्रों से दूर रहने तथा प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करने की अपील की है। आपदा प्रबंधन और राहत दलों को भी अलर्ट पर रखा गया है, ताकि किसी भी आपात स्थिति में तुरंत सहायता उपलब्ध कराई जा सके।