Monsoon Update: यूपी-बिहार में नदियां उफान पर, हजारों लोग प्रभावित; दिल्ली की हवा भी बिगड़ी
मानसून की वापसी के बीच देश के कई हिस्सों में बारिश और बाढ़ से हालात चुनौतीपूर्ण बने हुए हैं। उत्तर प्रदेश और बिहार में नदियों का जलस्तर बढ़ने से कई इलाकों में पानी भर गया है, जबकि उत्तराखंड के पहाड़ी जिलों में बारिश की संभावना जताई गई है।
उत्तर प्रदेश में बाढ़ का असर
गोंडा में घाघरा नदी का पानी 26 गांवों में पहुंच गया है। बाढ़ से करीब 6 हजार लोग प्रभावित बताए जा रहे हैं। कई सड़कों पर पानी भरने के कारण नावों का इस्तेमाल किया जा रहा है। पानी में डूबने से दो लोगों की मौत की भी जानकारी सामने आई है।
बिहार में 2 लाख से ज्यादा लोग प्रभावित
बिहार के छह जिलों में बाढ़ से करीब 2.03 लाख लोग प्रभावित बताए गए हैं। नेपाल में लगातार हो रही बारिश के कारण गंडक और कोसी समेत कई नदियां उफान पर हैं। छपरा के हजलपुर गांव में बांध टूटने के बाद तेज बहाव में एक घर के बह जाने की जानकारी है।
उत्तराखंड में बारिश का अनुमान
उत्तराखंड के पांच पहाड़ी जिलों में आज बारिश की संभावना है। फिलहाल किसी भी जिले के लिए मौसम विभाग की ओर से अलर्ट जारी नहीं किया गया है। वहीं, एक सप्ताह पहले हुई बर्फबारी के बाद केदारनाथ में तापमान -4 डिग्री सेल्सियस तक दर्ज किया गया।
दिल्ली में मानसून के दौरान प्रदूषण बढ़ा
सेंटर फॉर रिसर्च ऑन एनर्जी एंड क्लीन एयर (CREA) के मुताबिक, 2019 के बाद इस साल दिल्ली में मानसून के दौरान प्रदूषण का स्तर सबसे ज्यादा रहा। जुलाई से सितंबर के बीच औसत AQI 105 दर्ज किया गया। रिपोर्ट के अनुसार, 84 दिनों में सिर्फ एक दिन हवा ‘अच्छी’ श्रेणी में रही, जबकि 49 दिन ‘संतोषजनक’, 39 दिन ‘मध्यम’ और दो दिन ‘खराब’ श्रेणी में रहे। इस दौरान PM10 का औसत स्तर 108 माइक्रोग्राम प्रति घन मीटर रहा।