मेजर विजय सिंह मनकोटिया के निधन पर शोक की लहर, राजकीय सम्मान न मिलने पर सरकार पर उठे सवाल
धर्मशाला, 30 सितंबर (आईएएनएस)। शाहपुर से पांच बार विधायक और पूर्व मंत्री मेजर विजय सिंह मनकोटिया के निधन पर प्रदेश में शोक की लहर है। भाजपा विधायक सुधीर शर्मा और पूर्व मंत्री सरवीन चौधरी ने उनके निधन को हिमाचल की राजनीति के लिए अपूरणीय क्षति बताया है। वहीं, उनके अंतिम संस्कार में राजकीय सम्मान न दिए जाने को लेकर राज्य सरकार पर सवाल खड़े हो गए हैं।
भाजपा विधायक सुधीर शर्मा ने कहा, "यह हिमाचल प्रदेश की राजनीति के लिए अपूरणीय क्षति है। यह क्षति पूरे हिमाचल के साथ-साथ कांगड़ा जिले के लिए भी है, क्योंकि वे शुरू से ही कांगड़ा के मुखर आवाज रहे हैं। उनका नेतृत्व ईमानदार रहा है। वह राजनेताओं की एक ऐसी पीढ़ी से थे, उनके जैसे नेता अब कोई-कोई ही बचे हैं।"
उन्होंने कहा कि वह बिल्कुल स्वस्थ थे, चलते-फिरते ही ईश्वर के शरण में चले गए। यह उनके नेक नीयत और उनके राजनीतिक व व्यक्तिगत जीवन की कमाई का ही परिणाम है। शाहपुर और कांगड़ा के लिए उनका बड़ा योगदान रहा है, जिसे आज हम याद कर रहे हैं। मैं तो जब लगभग आठ साल का था, तब से उन्हें जानता हूं।
भाजपा विधायक सुधीर शर्मा ने आगे कहा कि कई पुरानी यादें जहन में आ रही हैं, लेकिन आज एक बात का दुख है। उनके जाने का दुख तो है ही, साथ ही जो राजकीय सम्मान उन्हें मिलना चाहिए था, उसके बारे में न तो प्रशासन को पता है और न ही प्रदेश सरकार को। हमेशा से यह परंपरा रही है कि ऐसे पूर्व मंत्रियों को राजकीय सम्मान दिया जाता है, लेकिन अगर सरकार ऐसे मामलों में भी इस तरह का रवैया अपनाएगी तो इससे दुर्भाग्यपूर्ण कुछ नहीं हो सकता।
पूर्व मंत्री सरवीन चौधरी ने कहा कि उन्होंने बीएसपी से भी चुनाव लड़ा और भाजपा में भी शामिल हुए, जो दर्शाता है कि उनकी स्वीकार्यता हर जगह थी और लोग उनके समर्थक भी थे। शाहपुर के लोगों ने उन्हें बहुत प्यार दिया। जीवन के इस अंतिम दौर में, 88वें वर्ष में वह अचानक हमें छोड़कर चले गए।
उन्होंने कहा कि इस संसार से उनका जाना किसी नसीब वाले को ही नसीब होता है। वह बिना किसी तकलीफ के अपना काम करते हुए, नहा-धोकर भोजन ग्रहण कर रहे थे और तभी अचानक हार्ट अटैक आया, जिससे उनका निधन हो गया। उनके लिए कहने को शब्द नहीं हैं, लेकिन हम सब इस दुख को साझा कर रहे हैं। मैं भगवान से प्रार्थना करती हूं कि उनके परिवार को यह दुख सहने की शक्ति मिले और भगवान उन्हें अपने चरणों में अच्छी जगह दें। यही हमारी कामना है।
एक अन्य महिला नेता ने कहा कि मेजर विजय सिंह मनकोटिया का यहां अंतिम संस्कार हुआ। यह बहुत दुख की बात है। उनका कार्यकाल बहुत सफल रहा है। हमने उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर दिया है। इस पर गाइडलाइन्स हैं कि अगर स्टेट फ्यूनरल नोटिफाई होता है तो राजकीय सम्मान दिया जाता है, लेकिन एक पूर्व मंत्री होने के नाते जो बनता है, उसके तहत हमने उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर दिया है।
--आईएएनएस
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